ईमानदारी और सेवा का शानदार उदाहरण बना जम्मू मंडल, खोया मोबाइल और कीमती बैग लौटाकर जीता यात्रियों का भरोसा

जम्मू। भारतीय रेलवे केवल यात्रियों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह भरोसे, सुरक्षा और सेवा का ऐसा मजबूत परिवार है जो हर परिस्थिति में यात्रियों के साथ खड़ा दिखाई देता है। इसका ताजा उदाहरण उत्तर रेलवे के जम्मू मंडल ने पेश किया है, जहां रेल कर्मचारियों की सतर्कता, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा ने दो अलग-अलग घटनाओं में यात्रियों के चेहरों पर मुस्कान लौटा दी।

पहली घटना में अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के शोध छात्र आशुतोष तिवारी कश्मीर भ्रमण के दौरान श्रीनगर स्थित शालीमार गार्डन में अपना मोबाइल फोन भूल गए। इस मोबाइल में उनकी पूरी यात्रा की अनमोल यादें सुरक्षित थीं। परेशान यात्री ने कटरा पहुंचकर रेलवे अधिकारियों से संपर्क किया। सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारियों ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए श्रीनगर से मोबाइल की खोजबीन कराई और पूरी प्रक्रिया के बाद मोबाइल सुरक्षित रूप से यात्री तक पहुंचाया गया। अपना खोया मोबाइल वापस पाकर यात्री ने राहत की सांस ली और रेलवे कर्मचारियों का आभार जताया।

दूसरी घटना में वंदे भारत एक्सप्रेस में सुरक्षा कर्मियों को एक लावारिस टूरिस्ट बैग मिला। रेलवे कर्मचारियों ने तुरंत जिम्मेदारी निभाते हुए बैग को सुरक्षित अपने कब्जे में लिया और स्टेशन पर लगातार घोषणाएं कराकर उसके असली मालिक की तलाश शुरू की। कुछ देर बाद यात्री स्टेशन प्रबंधक कार्यालय पहुंचा, जहां पूरी जांच और पहचान की प्रक्रिया पूरी करने के बाद बैग उसे सौंप दिया गया। बैग में आगे की यात्रा के टिकट, नकद राशि और जरूरी दस्तावेज मौजूद थे। अपना सामान सुरक्षित वापस मिलने पर यात्री ने रेलवे कर्मचारियों की ईमानदारी और तत्परता की खुलकर प्रशंसा की।

इस सराहनीय कार्य पर वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उचित सिंघल ने कहा कि ?यात्री की मुस्कान ही जम्मू मंडल की सबसे बड़ी उपलब्धि है। भारतीय रेलवे केवल ट्रेन संचालन तक सीमित नहीं है, बल्कि यात्रियों के विश्वास और उनकी अमानत की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी पूरी निष्ठा के साथ निभाता है।?

जम्मू मंडल की इन दोनों घटनाओं ने एक बार फिर साबित कर दिया कि भारतीय रेलवे सेवा, सुरक्षा, ईमानदारी और यात्रियों के भरोसे की रक्षा के मामले में देश की सबसे विश्वसनीय व्यवस्था है। रेल कर्मचारियों की जिम्मेदारी और समर्पण ने यात्रियों के दिलों में रेलवे के प्रति सम्मान को और अधिक मजबूत कर दिया है।