बिजनौर में अग्निशमन विभाग का जागरूकता अभियान, 8 स्थानों पर 640 लोगों को किया गया सतर्क

बिजनौर। अपर पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश अग्निशमन तथा आपात सेवाएं, लखनऊ के आदेश से 08 मई के आदेशानुसार तथा पुलिस अधीक्षक बिजनौर के निर्देश पर जनपद में स्कीम संख्या-15 के अंतर्गत 10 मई से 20 मई 2026 तक दुर्बल, निम्न आय वर्ग एवं स्लम (झोपड़पट्टी) क्षेत्रों में अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए विशेष जागरूकता अभियान लगातार चलाया जा रहा है।इसी क्रम में दिनांक 19 मई को मुख्य अग्निशमन अधिकारी डॉ राजीव कुमार पाण्डेय के दिशा-निर्देशन में प्रभारी अग्निशमन अधिकारी चांदपुर, नगीना, बिजनौर एवं नजीबाबाद द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों में अभियान चलाकर लोगों को आग से बचाव के प्रति जागरूक किया गया। अभियान का उद्देश्य लकड़ी के चूल्हे की आग तथा कुकिंग गैस सिलेंडर एवं छोटे सिलेंडर से होने वाली अग्नि दुर्घटनाओं की रोकथाम करना रहा।अग्निशमन विभाग द्वारा जनपद में कुल आठ स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें 640 व्यक्तियों को सुरक्षा संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। इस दौरान ग्राम जलीलपुर थाना चांदपुर, ग्राम रावली बिजनौर, ग्राम शहजादपुर रावली रोड बिजनौर, बस अड्डा रायपुर नगीना, इंडेन गैस सर्विस रायपुर नगीना, हरगनपुर चौराहा नगीना, किरतपुर रोड जलालाबाद नजीबाबाद तथा अकबराबाद कोटद्वार रोड नजीबाबाद क्षेत्रों में लोगों को जागरूक किया गया।अभियान के दौरान फायर सर्विस कर्मियों ने बताया कि झोपड़पट्टियों और कमजोर वर्ग की बस्तियों में आग लगने की घटनाएं अक्सर लकड़ी के चूल्हे से उड़ने वाली चिंगारी, गैस पाइप या रेगुलेटर की खराबी, सिलेंडर में लीकेज तथा असुरक्षित विद्युत वायरिंग के कारण होती हैं। समय रहते सावधानी बरतकर ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है।फायर विभाग ने लोगों को सलाह दी कि वे गैस सिलेंडर, पाइप और रेगुलेटर की नियमित जांच कराएं, चूल्हे के पास ज्वलनशील सामग्री न रखें, खाना पकाने का स्थान सुरक्षित रखें तथा बिजली के तारों और स्विच बोर्ड की स्थिति पर विशेष ध्यान दें।अग्निशमन विभाग ने कहा कि यह अभियान जनपद में अग्नि सुरक्षा के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे भविष्य में होने वाली अग्निकांड की घटनाओं को कम किया जा सकेगा।