सहकारिता विभाग के अधिकारी आयुष प्रताप सिंह सहित अन्य अधिकारी पर गिरी गाज निलंबित।

बैकुंठपुर। छत्तीसगढ़ प्रदेश के मुखिया विष्णु देव साय के कोरिया एमसीबी आगमन के बाद लगातार विभाग में आलाधिकारियों पर गाज गिरनी शुरू हो चुकी है वही सुशासन तिहार 2026 के दौरान प्रशासनिक कार्यों में लापरवाही पर बड़ा एक्शन देखा जा रहा है वही सहकारिता विभाग ने कोरिया जिले में पदस्थ दो अधिकारियों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई शासकीय कार्य में लापरवाही और खाद गबन प्रकरण में उदासीनता बरतने के आरोपों के चलते की गई है।कार्यालय आयुक्त सहकारिता एवं पंजीयक सहकारी संस्थाएं, छत्तीसगढ़ द्वारा जारी आदेश के अनुसार आयुष प्रताप सिंह के विरुद्ध शासकीय कार्य में लापरवाही प्रकाश में आई। विभाग ने इसे छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के विपरीत माना है। आयुक्त सहकारिता द्वारा जारी आदेश में छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम-9 के तहत श्री सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय कार्यालय पंजीयक, सहकारी संस्थाएं, नवा रायपुर निर्धारित किया गया है। इसी क्रम में कल्लु प्रसाद मिश्रा के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित अंबिकापुर द्वारा जारी आदेश में बताया गया कि समिति जिल्दा शाखा खड़गंवा में खाद गबन प्रकरण की कार्रवाई में लापरवाही सामने आई है। श्री मिश्रा सहायक लेखापाल, प्रभारी शाखा प्रबंधक एवं नोडल अधिकारी जिला कोरिया के रूप में कार्यरत थे। बैंक कर्मचारी सेवा नियमों के तहत इसे दुराचार की श्रेणी में मानते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय शाखा बैकुंठपुर, जिला कोरिया निर्धारित किया गया है। आदेश के अनुसार श्री गिरजा शंकर साहू को शाखा प्रबंधक का प्रभार सौंपते हुए शाखा संचालन की जिम्मेदारी दी गई है। दोनों मामलों में की गई कार्रवाई को प्रशासनिक जवाबदेही और सुशासन तिहार के दौरान कार्यों की मॉनिटरिंग से जोड़कर देखा जा रहा है। सरकार ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि जनहित से जुड़े मामलों में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।