त्रिकूट पर बादलों का डेरा, जयकारों से गूंजा मां वैष्णो देवी का धाम

मां वैष्णो देवी यात्रा पर मौसम की मेहरबानी, श्रद्धालुओं में दिखा जबरदस्त उत्साह

त्रिकूट पर्वत पर छाए बादलों ने बढ़ाई खूबसूरती, ठंडी हवाओं के बीच जयकारों से गूंजा यात्रा मार्ग

कटड़ा। मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए देशभर से पहुंच रहे श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। मौसम में बदलाव और त्रिकूट पर्वत पर छाए बादलों के बीच वीरवार को भी मां वैष्णो देवी की यात्रा पूरी तरह सुचारु रही। ठंडी हवाओं ने मौसम को खुशनुमा बना दिया, वहीं श्रद्धालु माता के जयकारे लगाते हुए पूरे जोश और श्रद्धा के साथ भवन की ओर बढ़ते नजर आए।

त्रिकूट पर्वत पर दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही। मौसम के इस खूबसूरत बदलाव ने यात्रा के आध्यात्मिक वातावरण को और मनमोहक बना दिया। श्रद्धालु गर्म कपड़े पहनकर परिवार और मित्रों के साथ यात्रा करते दिखाई दिए। मौसम को देखते हुए कुछ समय के लिए हेलीकॉप्टर सेवा प्रभावित हुई, लेकिन अधिकांश समय श्रद्धालुओं को हवाई सेवा का लाभ मिलता रहा।

सभी यात्रा सुविधाएं सुचारु

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बैटरी कार, रोपवे, घोड़ा-पिट्ठू-पलकी सहित विभिन्न सेवाएं सुचारु रूप से संचालित होती रहीं। सभी प्रमुख यात्रा मार्ग भी खुले रहे। भवन की ओर बढ़ते श्रद्धालुओं में माता के दर्शन को लेकर खासा उत्साह दिखाई दिया।

भवन पहुंचकर श्रद्धालुओं ने मां वैष्णो देवी के दिव्य दर्शन किए और इसके बाद रोपवे के माध्यम से भैरव घाटी पहुंचकर बाबा भैरवनाथ के चरणों में भी शीश नवाया। पूरे यात्रा मार्ग पर श्रद्धा और भक्ति का माहौल बना रहा।

सुरक्षा व्यवस्था पर प्रशासन की पैनी नजर

बदलते मौसम को देखते हुए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की ओर से यात्रा व्यवस्था की लगातार निगरानी की जा रही है। यात्रा मार्ग पर आपदा प्रबंधन दल, पुलिस, सीआरपीएफ और संबंधित विभागों के अधिकारी व जवान तैनात हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यात्रा मार्ग की लगातार निगरानी की जा रही है।

13 हजार श्रद्धालु भवन की ओर रवाना

वीरवार दोपहर दो बजे तक करीब 13 हजार श्रद्धालु पंजीकरण करवाकर मां के भवन की ओर रवाना हो चुके थे। इसके बाद भी श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला लगातार जारी रहा। मौसम सुहावना होने से यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था।

मां वैष्णो देवी के जयकारों से पूरा यात्रा मार्ग गूंजता रहा। ठंडी हवाओं और बादलों के बीच श्रद्धालु माता के दर्शन की आस्था लेकर लगातार आगे बढ़ते रहे। श्राइन बोर्ड की ओर से भी श्रद्धालुओं से मौसम के अनुसार गर्म कपड़े साथ रखने और यात्रा के दौरान प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।