टीटीजेड में सक्रिय पैरवी पर डीएम मनीष बंसल का चैम्बर ने किया सम्मान

चैम्बर ने यूपीसीडा के दोहरे जलकर शुल्क पर जताया रोष, बिचपुरी आरओबी और आगरा की बेडई को ओडीओसी में शामिल करने की उठाई मांग

आगरा। चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष मनोज कुमार बंसल के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने ताज संरक्षित क्षेत्र (टीटीजेड) से जुड़े मामलों में सर्वोच्च न्यायालय में सक्रिय पैरवी के लिए जिलाधिकारी मनीष बंसल का सम्मान किया। चैम्बर ने कहा कि डीएम के सकारात्मक प्रयासों से उद्योग एवं व्यापार को नई दिशा और ऊर्जा मिली है।

जिला उद्योग बंधु की बैठक में चैम्बर ने यूपीसीडा द्वारा रखरखाव शुल्क लेने के बावजूद औद्योगिक क्षेत्रों के उद्यमियों को जलकर के बिल भेजे जाने पर कड़ा विरोध जताया। शासनादेश का हवाला देते हुए कहा गया कि औद्योगिक क्षेत्रों का रखरखाव यूपीसीडा के जिम्मे है, इसलिए स्थानीय निकायों की ओर से जलकर या अन्य कर वसूलना उचित नहीं है।

बैठक में बोदला-बिचपुरी रोड के 150 फीट चौड़ीकरण और बिचपुरी रेलवे फाटक पर रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) का निर्माण शीघ्र शुरू कराने की भी मांग की गई। चैम्बर का कहना था कि क्षेत्र में तेजी से बढ़ते यातायात के कारण प्रतिदिन जाम की स्थिति रहती है, जिससे आम नागरिकों, विद्यार्थियों, व्यापारियों और एम्बुलेंस जैसी आवश्यक सेवाओं को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है।

पूर्व अध्यक्ष मनीष अग्रवाल ने आगरा की प्रसिद्ध बेडई और आलू की सब्जी को उत्तर प्रदेश सरकार की वन डिस्ट्रिक्ट वन क्यूज़ीन (ओडीओसी) योजना में शामिल करने की मांग उठाई। उनका कहना था कि इससे स्थानीय खाद्य उद्योग, फूड टूरिज्म और रोजगार को बढ़ावा मिलेगा तथा आगरा की पारंपरिक पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी।

बैठक में रामबाग से सिकंदरा के बीच सिटी बस सेवा का मुद्दा भी उठा। पूर्व अध्यक्ष सीताराम अग्रवाल ने मौके पर ही सिटी बस अधिकारियों से बातचीत कर जानकारी दी कि विभिन्न रूटों की बसें रामबाग होकर संचालित की जा रही हैं।

बैठक में चैम्बर अध्यक्ष मनोज कुमार बंसल, पूर्व अध्यक्ष सीताराम अग्रवाल, मनीष अग्रवाल और अतुल कुमार गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।