भारतीय रेल में नवाचार को मिलेगा नया आयाम, अहमदाबाद मंडल के डीआरएम ने iCreate से मांगे स्वदेशी तकनीकी समाधान

अहमदाबाद। पश्चिम रेलवे के अहमदाबाद मंडल के मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) वेद प्रकाश ने शुक्रवार को देव धोलेरा स्थित इंटरनेशनल सेंटर फॉर एंटरप्रेन्योरशिप एंड टेक्नोलॉजी (iCreate) का दौरा कर स्टार्टअप्स, नवाचारकर्ताओं और विद्यार्थियों से भारतीय रेल की जरूरतों के अनुरूप आधुनिक एवं स्वदेशी तकनीकी समाधान विकसित करने का आह्वान किया। उनके साथ वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त अंशुमान राम त्रिपाठी, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अन्नू त्यागी सहित मंडल के कई अधिकारी मौजूद रहे।

दौरे के दौरान डीआरएम ने iCreate के इनक्यूबेशन सेंटर, प्रोटोटाइप विकास प्रयोगशालाओं और डीप-टेक स्टार्टअप्स द्वारा विकसित अत्याधुनिक तकनीकों का अवलोकन किया। इस दौरान भारतीय रेल में नई तकनीकों के उपयोग और स्टार्टअप्स के साथ संभावित सहयोग पर विस्तृत चर्चा की गई।

स्टार्टअप्स और विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए डीआरएम वेद प्रकाश ने कहा कि भारतीय रेल दुनिया के सबसे बड़े रेल नेटवर्कों में से एक है, जहां परिचालन, सुरक्षा, रखरखाव, स्वच्छता और यात्री सुविधाओं के क्षेत्र में नवाचार की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने युवाओं से रेलवे की वास्तविक आवश्यकताओं को समझकर व्यावहारिक, किफायती और तकनीक आधारित समाधान विकसित करने का आह्वान किया।

उन्होंने विशेष रूप से माल वैगनों की स्वचालित लोडिंग-अनलोडिंग प्रणाली, रेलवे परिसरों और कोचों के लिए आधुनिक अग्नि सुरक्षा समाधान, ट्रैक एवं पुलों के निरीक्षण के लिए ड्रोन तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित सुरक्षा और प्रिडिक्टिव मेंटेनेंस, स्टेशनों की सफाई के लिए आधुनिक इलेक्ट्रिक मशीनें, वायरलेस चार्जिंग प्रणाली तथा ऊर्जा संरक्षण और स्मार्ट संसाधन प्रबंधन से जुड़े नवाचारों पर काम करने का सुझाव दिया।

डीआरएम ने कहा कि रेलवे और स्टार्टअप इकोसिस्टम के बीच मजबूत साझेदारी से ऐसे स्वदेशी समाधान विकसित किए जा सकते हैं, जो भारतीय रेल की सुरक्षा, परिचालन दक्षता, ऊर्जा बचत, स्वच्छता और यात्री सुविधाओं को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएंगे। उन्होंने कहा कि नवाचार ही भविष्य की रेल व्यवस्था की आधारशिला है और युवाओं के नए विचार भारतीय रेल को और अधिक आधुनिक, सुरक्षित तथा विश्वस्तरीय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

दौरे के अंत में प्रतिनिधिमंडल ने iCreate परिसर का भ्रमण कर स्टार्टअप सहायता अवसंरचना का अवलोकन किया। साथ ही भारतीय रेल और स्टार्टअप इकोसिस्टम के बीच अनुसंधान, नवाचार और प्रौद्योगिकी विकास के क्षेत्र में भविष्य में व्यापक सहयोग की संभावनाओं पर भी सकारात्मक चर्चा की गई।