चलती ट्रेन में टीटीई ने छात्र से की यौन उत्पीड़न की कोशिश, विरोध करने पर ट्रेन से नीचे फेंकने की दी धमकी

वाराणसी। चलती ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा का दावा करने वाले रेल महकमे को शर्मसार करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। गाड़ी संख्या 15120 में सामान्य टिकट पर यात्रा कर रहे 12वीं कक्षा के एक छात्र के साथ ऑनबोर्ड टीटीई (TTE) द्वारा यौन उत्पीड़न की कोशिश और जान से मारने की धमकी देने का सनसनीखेज आरोप लगा है। शिकायत मिलने पर जब जांच अधिकारी (निरीक्षक) ने पीड़ित के पिता से बात की, तो इस पूरी खौफनाक वारदात का खुलासा हुआ।
'केबिन में ले जाकर फाड़ दिया टिकट, कहा- आगे से मुफ्त में यात्रा कराऊंगा'
जांच अधिकारी के अनुसार, शिकायत में दिए गए मोबाइल नंबर पर जब पीड़ित के पिता से संपर्क किया गया, तो उन्होंने आपबीती सुनाई। उन्होंने बताया कि उनका बेटा वाणिज्य (कॉमर्स) विषय का छात्र है। वह सुरियावां से बनारस के लिए ट्रेन नंबर 15120 में सवार हुआ था।
यात्रा के दौरान ट्रेन में तैनात टीटीई ने छात्र को अपने साथ आने को कहा। टीटीई छात्र को अपने केबिन में ले गया और रौब झाड़ते हुए कहा, "मैं रायबरेली से बनारस तक ट्रेन लेकर आता-जाता हूँ, तुम्हें आगे से टिकट लेने की कोई जरूरत नहीं है।" इसके बाद आरोपी टीटीई ने छात्र का टिकट फाड़ दिया और अपना नाम अशोक यादव बताते हुए अपना मोबाइल नंबर (9653050096) छात्र को नोट करा दिया कि जब भी आना हो, फोन कर लेना।
विरोध करने पर दी खौफनाक धमकी: "चलती ट्रेन से नीचे फेंक दूंगा, किसी को पता भी नहीं चलेगा"
पीड़ित के पिता का आरोप है कि टिकट फाड़ने और नंबर देने के बाद टीटीई अशोक यादव छात्र के साथ अश्लील हरकतें और यौन उत्पीड़न करने लगा। जब 12वीं के छात्र ने इसका कड़ा विरोध किया और शोर मचाने की कोशिश की, तो आरोपी टीटीई अपनी औकात पर आ गया। उसने छात्र को धमकाते हुए कहा- "अगर चिल्लाए तो चलती ट्रेन से नीचे फेंक दूंगा। किसी को पता भी नहीं चलेगा और सब यही समझेंगे कि तुम पैर फिसलने से ट्रेन से गिर गए हो।"

टीटीई की इस भयानक धमकी से छात्र बुरी तरह डर गया और सहम गया। वह किसी तरह आरोपी के चंगुल से बचकर निकला।
जीआरपी थाने में एफआईआर की तैयारी, रेल प्रशासन में हड़कंप
इस पूरी घटना के बाद से पीड़ित छात्र का परिवार गहरे सदमे और आक्रोश में है। पीड़ित के पिता ने जांच अधिकारी को स्पष्ट किया है कि वे इस मामले को छोड़ेंगे नहीं और सुबह होते ही जीआरपी (GRP) थाने जाकर आरोपी टीटीई अशोक यादव के खिलाफ नामजद एफआईआर (FIR) दर्ज कराएंगे।
इस गंभीर शिकायत के बाद रेलवे प्रशासन और विजिलेंस टीम में हड़कंप मच गया है। चलती ट्रेन में एक नाबालिग जैसे छात्र के साथ इस तरह की हैवानियत के प्रयास ने रेल यात्रा की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस और रेल अधिकारी अब मामले की आधिकारिक तहरीर का इंतजार कर रहे हैं ताकि आरोपी टीटीई के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके।