निज़ामपुर में जर्जर तारों को लेकर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा, ग्राम प्रधान फहीम अली ने की 'मोटी केबल' लगाने की माँग

बदायूँ (उत्तर प्रदेश):

जनपद के ग्राम निज़ामपुर में बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही के खिलाफ ग्रामीणों और ग्राम प्रधान का गुस्सा फूट पड़ा है। गाँव में नई बिजली लाइन डालने के दौरान विभाग द्वारा कथित तौर पर पतले और जर्जर तारों का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे स्थानीय निवासियों में भारी आक्रोश है।

बार-बार टूट रहे तार, खतरे में ग्रामीणों की जान

ग्रामीणों का आरोप है कि मुख्य लाइन में बेहद कमजोर और पतले तारों का प्रयोग किया जा रहा है। इसके चलते आए दिन तार टूटकर गिर जाते हैं, जिससे न सिर्फ घंटों बिजली आपूर्ति ठप रहती है, बल्कि गाँव में हर वक्त एक बड़ा हादसा होने का डर बना रहता है। स्थानीय निवासियों के मुताबिक, ज़मीन पर गिरते इन लाइव तारों से बच्चों, मवेशियों और राहगीरों की जान हमेशा जोखिम में रहती है।

ग्राम प्रधान फहीम अली के नेतृत्व में हुआ विरोध

बिजली विभाग की इस कार्यप्रणाली से नाराज ग्राम प्रधान फहीम अली और स्थानीय निवासियों ने मौके पर पहुंचकर कार्य का कड़ा विरोध किया और काम को रुकवाया। ग्राम प्रधान फहीम अली ने विभाग से दो टूक शब्दों में गुणवत्तापूर्ण कार्य करने की माँग की है।

ग्रामीणों और प्रधान की मुख्य माँगें:

मुख्य सप्लाई लाइन से इन पतले और खतरनाक तारों को तुरंत हटाया जाए।

इनकी जगह भारी, मजबूत और कवर्ड (मोटी) केबल डाली जाए, ताकि बार-बार तार टूटने की समस्या खत्म हो।

गाँव को सुरक्षित और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराई जाए।

"हम गाँव में बिजली व्यवस्था के सुधार का स्वागत करते हैं, लेकिन घटिया सामग्री और लापरवाही की कीमत पर नहीं। इन पतले तारों की वजह से कभी भी कोई बड़ी अनहोनी हो सकती है और किसी बेगुनाह की जान जा सकती है। जब तक यहाँ मजबूत मोटी केबल नहीं डाली जाएगी, हम इस काम को आगे नहीं बढ़ने देंगे।"

? फहीम अली, ग्राम प्रधान (निज़ामपुर)

जिला प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की अपील

मामले की गंभीरता को देखते हुए ग्राम प्रधान फहीम अली और स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन सहित बिजली विभाग के उच्च अधिकारियों से इस मामले का तुरंत संज्ञान लेने की अपील की है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर जल्द ही मानकों के अनुरूप मोटी केबल नहीं डाली गई, तो वे विभागीय कार्यालय का घेराव करने के लिए बाध्य होंगे।