जोधपुर मंडल ने पहली तिमाही में बनाया नया इतिहास, माल राजस्व 54 प्रतिशत बढ़कर 460 करोड़ रुपये पहुंचा

जोधपुर। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल ने वित्तीय वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में माल परिवहन, राजस्व और परिचालन के क्षेत्र में शानदार प्रदर्शन करते हुए कई नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। मंडल ने इस अवधि में माल लदान और आय दोनों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज कर रेलवे की उपलब्धियों में एक नया अध्याय जोड़ा है।

मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया कि जोधपुर मंडल ने पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में माल लदान में 36 प्रतिशत वृद्धि दर्ज करते हुए 21 लाख 40 हजार टन माल परिवहन किया। वहीं माल परिवहन से होने वाला राजस्व 54 प्रतिशत बढ़कर 460 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो मंडल के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।

उन्होंने बताया कि यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए दो जोड़ी मांग आधारित विशेष रेल सेवाओं को नियमित ट्रेनों में बदले जाने के बावजूद पहली तिमाही के दौरान इन सेवाओं का संचालन पिछले वर्ष की तुलना में अधिक रहा। यह मंडल की बेहतर परिचालन योजना और यात्रियों की मांग के प्रभावी प्रबंधन को दर्शाता है।

माल परिवहन के क्षेत्र में जून 2026 के दौरान मंडल ने 112 रेक चूना पत्थर लदान के साथ नया मासिक रिकॉर्ड स्थापित किया। इससे पहले मार्च 2024 में 110 रेक लदान का सर्वोत्तम रिकॉर्ड दर्ज किया गया था। इस उपलब्धि ने मंडल की माल ढुलाई क्षमता को नई पहचान दी है।

इसी अवधि में अंबुजा सीमेंट लिमिटेड के मारवाड़ मुंडवा गति शक्ति माल टर्मिनल से पहली बार सीमेंट लदान की शुरुआत की गई। इसके तहत 15 जून 2026 को गाजियाबाद के लिए पहली सीमेंट रेक रवाना की गई, जिसमें 1,444 टन सीमेंट भेजा गया। इससे जोधपुर मंडल को 13 लाख 96 हजार रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।

सोनू स्टेशन से माल परिवहन नेटवर्क का विस्तार

मंडल ने सोनू रेलवे स्टेशन से चूना पत्थर लदान का दायरा बढ़ाते हुए चार नए गंतव्य स्टेशन जोड़े हैं। इससे मंडल का माल परिवहन नेटवर्क और अधिक मजबूत हुआ है तथा व्यापारिक गतिविधियों को भी नई गति मिलने की संभावना है।

रेल प्रशासन ने इस उपलब्धि का श्रेय मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों के सामूहिक प्रयास, बेहतर कार्य योजना और समन्वित कार्यशैली को दिया है। साथ ही यह विश्वास व्यक्त किया गया है कि आने वाले समय में भी जोधपुर मंडल इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए नए कीर्तिमान स्थापित करता रहेगा।

जोधपुर मंडल की यह सफलता भारतीय रेल के आधुनिकीकरण, मजबूत माल परिवहन व्यवस्था और आर्थिक विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।