स्मैक तस्कर पंकज उपाध्याय की 3.20 करोड़ की अवैध संपत्ति फ्रीज, बेटे पर भी पुलिस ने की कार्रवाई

बरेली देहात की मीरगंज थाना पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई कर कुख्यात स्मैक तस्कर पंकज उपाध्याय उर्फ पंकज शर्मा और उसके बेटे रोहित शर्मा उर्फ हनी की करीब 3 करोड़ 20 लाख 15 हजार रुपये की अवैध संपत्ति फ्रीज करा दी है। पुलिस के अनुसार यह संपत्ति स्मैक तस्करी से अर्जित की गई थी। कार्रवाई एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F(2) के तहत की गई है।चार वाहन और चार प्लॉट किए फ्रीज मीरगंज थाना पुलिस की जांच में सामने आया कि पंकज उपाध्याय और उसके पुत्र रोहित शर्मा ने स्मैक तस्करी से बड़ी मात्रा में अवैध संपत्ति अर्जित की थी। पुलिस ने दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकरण (Competent Authority and Administrator SAFEM(FOP) Act & NDPS Act) की सहायता से चार वाहन और चार प्लॉट समेत कुल 3.20 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति फ्रीज कराई है। यह संपत्तियां रोहित शर्मा और परिवार के अन्य सदस्यों के नाम पर दर्ज थीं। 1999 से कर रहा था अंतर्राज्यीय स्तर पर स्मैक तस्करी पुलिस के मुताबिक पंकज उपाध्याय वर्ष 1999 से स्मैक तस्करी के कारोबार में सक्रिय है। वह उत्तर प्रदेश के अलावा दिल्ली और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में स्मैक की तस्करी कर चुका है। कई बार भारी मात्रा में स्मैक के साथ गिरफ्तार होकर जेल भी जा चुका है। वर्ष 2021 के बाद उसने अपने बेटे रोहित शर्मा को भी इस अवैध कारोबार में शामिल कर लिया। रोहित भी बरेली और आसपास के जिलों में स्मैक तस्करी के मामलों में कई बार गिरफ्तार हो चुका है। पिता जेल में, बेटा अभी भी फरार पुलिस के अनुसार पंकज उपाध्याय वर्तमान में जेल में निरुद्ध है, जबकि उसका बेटा रोहित शर्मा अभी भी वांछित चल रहा है। दोनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट, आबकारी अधिनियम और धोखाधड़ी समेत कई गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि पिता-पुत्र लंबे समय से बड़े पैमाने पर नशे का कारोबार कर रहे थे और क्षेत्र में इनका दबदबा था। लोगों में इनके खिलाफ बोलने का डर बना रहता था। पुलिस ने साफ किया है कि नशे के कारोबार से अर्जित संपत्तियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।