कश्मीर घाटी की खाद्यान्न आपूर्ति में फिरोजपुर रेल मंडल की बड़ी भूमिका, मई में 50 फीसदी बढ़ी लोडिंग

फिरोजपुर। भारतीय रेल का फिरोजपुर मंडल देश की खाद्यान्न आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभा रहा है। मई 2026 के दौरान मंडल ने जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग के लिए खाद्यान्न परिवहन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज करते हुए अप्रैल की तुलना में 50 प्रतिशत अधिक लोडिंग की है।

पंजाब, जिसे देश का "अन्न भंडार" कहा जाता है, से उत्पादित गेहूं और धान की आपूर्ति देश के विभिन्न हिस्सों तक पहुंचाने में रेलवे महत्वपूर्ण माध्यम बना हुआ है। इसी क्रम में फिरोजपुर रेल मंडल ने मई माह में 09 रेक खाद्यान्न अनंतनाग (कश्मीर) के लिए रवाना किए, जिनमें 06 रेक चावल और 03 रेक गेहूं शामिल रहे।

यह खाद्यान्न फिरोजपुर मंडल के जगराओं, फगवाड़ा, नूरमहल, खासा, तरनतारन, फिरोजपुर सिटी, फरीदकोट और गोनियाना भाई जगता रेलवे स्टेशनों से भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के माध्यम से भेजा गया। मंडल द्वारा नए गंतव्य के रूप में अनंतनाग को खाद्यान्न आपूर्ति शुरू किए जाने से कश्मीर घाटी में आवश्यक खाद्यान्न की उपलब्धता और अधिक सुदृढ़ हुई है।

कश्मीर घाटी की भौगोलिक परिस्थितियां तथा सीमित कृषि योग्य भूमि स्थानीय उत्पादन पर निर्भरता को चुनौतीपूर्ण बनाती हैं। ऐसे में पंजाब से रेलवे के माध्यम से नियमित रूप से चावल और गेहूं की आपूर्ति वहां के लोगों की खाद्यान्न जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। रेल परिवहन बड़े पैमाने पर अनाज की ढुलाई का सबसे सुरक्षित, किफायती और समयबद्ध माध्यम माना जाता है, जिससे आम उपभोक्ताओं को भी उचित दरों पर खाद्यान्न उपलब्ध हो पाता है।

इस उपलब्धि पर मंडल रेल प्रबंधक संजीव कुमार ने कहा कि फिरोजपुर रेल मंडल देश की खाद्यान्न आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रहा है। मंडल किसानों और उपभोक्ताओं के बीच एक मजबूत कड़ी के रूप में कार्य करते हुए खाद्यान्न की सुरक्षित, त्वरित और समयबद्ध ढुलाई सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

उन्होंने विश्वास जताया कि भविष्य में भी मंडल इसी प्रकार देश के विभिन्न क्षेत्रों तक खाद्यान्न पहुंचाकर राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा को सशक्त बनाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहेगा।