रेलवे और उद्योग जगत के बीच समन्वय बढ़ाने पर जोर, मेवाड़ चैंबर के साथ हुई संवाद बैठक

अजमेर। उत्तर पश्चिम रेलवे के अजमेर मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक कैप्टन मिहिर देव एवं मेवाड़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के पदाधिकारियों के बीच मंगलवार को एक महत्वपूर्ण संवाद एवं समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य रेलवे और क्षेत्र के व्यापार एवं उद्योग जगत के बीच समन्वय को मजबूत करना तथा माल परिवहन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करना रहा।

बैठक में स्थानीय उद्योगों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों से जुड़े प्रतिनिधियों ने माल ढुलाई के दौरान आने वाली व्यावहारिक समस्याओं, परिवहन संबंधी आवश्यकताओं तथा सुविधाओं के विस्तार को लेकर अपने सुझाव प्रस्तुत किए। व्यापारियों ने रेलवे के माध्यम से माल परिवहन को और अधिक सुगम एवं प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की।

सीनियर डीसीएम कैप्टन मिहिर देव ने व्यापारियों की समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना तथा रेलवे की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि भारतीय रेलवे माल परिवहन को बढ़ावा देने के लिए लगातार नई योजनाएं लागू कर रहा है, जिससे उद्योग जगत को कम लागत में बेहतर परिवहन सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।

उन्होंने बैठक में रेलवे की डिजिटल सेवाओं, पार्सल परिवहन प्रणाली में किए गए सुधारों तथा माल ढुलाई को प्रोत्साहित करने के लिए लागू विशेष योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रेलवे द्वारा विभिन्न श्रेणियों के माल परिवहन पर आकर्षक इंसेंटिव एवं डिस्काउंट उपलब्ध कराए जा रहे हैं। साथ ही व्यापारियों को उनके माल की प्रकृति के अनुसार 23 टन वीपीयू, कंटेनर सेवा तथा पार्सल ट्रेन के माध्यम से माल भेजने के विकल्पों के बारे में भी विस्तार से अवगत कराया गया।

बैठक में रेलवे और उद्योग जगत के बीच बेहतर संवाद बनाए रखने तथा भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने पर सहमति व्यक्त की गई, ताकि व्यापारिक गतिविधियों को और अधिक गति मिल सके।

इस अवसर पर सहायक वाणिज्य प्रबंधक राजकुमार स्वर्णकार, मेवाड़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के सचिव एवं डीआरयूसीसी सदस्य आर.के. जैन, जेडआरयूसीसी सदस्य प्रेम स्वरूप गर्ग, डीआरयूसीसी सदस्य राकेश कसेरा, स्टेशन अधीक्षक भीलवाड़ा, मंडल वाणिज्य निरीक्षक अखिल तनेजा, गोवर्धनराम सहित क्षेत्र के प्रमुख उद्यमी, रेलवे अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

बैठक को रेलवे और उद्योग जगत के बीच सहयोग बढ़ाने तथा क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को नई दिशा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।