चकिया के पचफेड़ियाँ में मनरेगा में फर्जी हाजिरी और मास्टर रोल घोटाले का आरोप, महिला मेट ने उठाए गंभीर सवाल,मस्टरोल में 89 लेबर केवल कागजों पर ही सीमित, मौके पर फर्जी सॉफ्टवेयर से हाजिरी भरने क

चकिया के पचफेड़ियाँ में मनरेगा में फर्जी हाजिरी और मास्टर रोल घोटाले का आरोप, महिला मेट ने उठाए गंभीर सवाल,मस्टरोल में 89 लेबर केवल कागजों पर हीसीमित,मौके पर फर्जी सॉफ्टवेयर से हाजिरी भरने का आरोप

चकिया (चंदौली)। जनपद चंदौली के चकिया विकासखंड अंतर्गत पंचफेड़िया ग्राम पंचायत में मनरेगा योजना में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप सामने आए हैं। गांव की निवासी एवं महिला मेट अनिता देवी ने लिखित शिकायत के माध्यम से पूरे मामले को उजागर करते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

शिकायत के अनुसार अनिता देवी वर्ष 2021 से महिला मेट के रूप में कार्यरत हैं, लेकिन अब तक उन्हें आईडी और पासवर्ड उपलब्ध नहीं कराया गया है, जिससे वे अपने कार्यों का संचालन ठीक से नहीं कर पा रही हैं। आरोप है कि उनके स्थान पर अन्य लोगों द्वारा फर्जी तरीके से मास्टर रोल तैयार कर हाजिरी भरी जा रही है, जबकि वास्तविक कार्य उन्होंने कराया है।

प्रार्थिनी ने आरोप लगाया है कि ग्राम प्रधान द्वारा नियमों के विरुद्ध दूसरी महिला मेट (गीता देवी) को अवैध रूप से नियुक्त कर दिया गया है और उन्हें कार्य से वंचित रखा जा रहा है। वहीं लगभग 7 फर्जी मास्टर रोल और करीब 70 फर्जी हाजिरी दर्ज कर सरकारी धन के दुरुपयोग की बात भी सामने आई है।

ग्राउंड स्तर पर स्थिति और भी चौंकाने वाली बताई जा रही है। आरोप है कि मस्टर रोल में 80 से 90 मजदूरों को कार्यरत दिखाया गया है, जबकि मौके पर बेहद कम मजदूर ही मौजूद रहते हैं। यहां तक कि फर्जी सॉफ्टवेयर के माध्यम से हाजिरी भरने की बात भी सामने आई है।

अनिता देवी का कहना है कि उन्होंने इस संबंध में कई बार संबंधित अधिकारियों?सेक्रेटरी, तकनीकी सहायक और खंड विकास अधिकारी?को लिखित एवं मौखिक शिकायत दी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे भ्रष्टाचार को संरक्षण मिलने का आरोप लगाया जा रहा है।।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि जानबूझकर उन्हें आईडी/पासवर्ड नहीं दिया जा रहा, ताकि फर्जी हाजिरी और घोटाले को छिपाया जा सके। साथ ही दूसरे गांव की महिला से मेट का कार्य कराए जाने का भी आरोप लगाया गया है, जो नियमों के विपरीत है।

प्रार्थिनी, जो ?उत्तर प्रदेश ग्रामीण योजना कार्मिक संघ? से भी जुड़ी हैं, ने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच, दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, फर्जी हाजिरी निरस्त करने, वास्तविक मजदूरों को भुगतान सुनिश्चित करने तथा पूरे ब्लॉक स्तर पर विशेष ऑडिट कराने की मांग की है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इस मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए तो चकिया ब्लॉक के कई गांवों में मनरेगा से जुड़े बड़े घोटाले उजागर हो सकते हैं।

प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन मामला गंभीर होने के कारण जांच की मांग तेज हो गई है। वहीं अनिता देवी ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे उच्चाधिकारियों और न्यायालय की शरण लेने को बाध्य होंगी।