मुरादाबाद।जुम्मा अलविदा की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में सकुशल संपन्न पुलिस प्रशासन पूरी तरह रहा मुस्तैद

मुरादाबाद।जुम्मा अलविदा की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में सकुशल संपन्न पुलिस प्रशासन पूरी तरह रहा मुस्तैद

रमजान के पवित्र महीने के आखिरी शुक्रवार को पढ़ी जाने वाली जुम्मा अलविदा की नमाज शुक्रवार को मुरादाबाद जिले में शांतिपूर्ण और भाईचारे के माहौल में संपन्न हो गई नमाज को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस पहले से ही अलर्ट मोड पर थे शहर की प्रमुख मस्जिदों, खासकर जामा मस्जिद और अन्य बड़े इबादतगाहों के आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। नमाज के दौरान हजारों की संख्या में नमाजी मस्जिदों में पहुंचे और अमन-चैन तरक्की और देश की खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं अलविदा जुमा को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से पूरे प्रदेश में हाई अलर्ट जारी किया गया था। इस संबंध में डीजीपी राजीव कृष्ण ने सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों, पुलिस कमिश्नरों, आईजी और एडीजी को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए थे। निर्देश दिए गए थे कि नमाज के दौरान विशेष सतर्कता बरती जाए और नमाज के बाद किसी भी तरह की अनधिकृत भीड़ या जुलूस की अनुमति न दी जाए। साथ ही संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रखने और सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी रखने के भी आदेश दिए गए थे इसी क्रम में मुरादाबाद में भी पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। शहर के संवेदनशील इलाकों में पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार निगरानी बनाए रखी। नमाज के दौरान किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रामक सूचना को रोकने के लिए सोशल मीडिया पर भी कड़ी नजर रखी गई। इसके अलावा खुफिया एजेंसियों और यूपी एसटीएफ की टीमों को भी अलर्ट रखा गया था।

एसपी सिटी कुंवर रणविजय सिंह ने बताया कि जुम्मा अलविदा को लेकर पुलिस और प्रशासन की ओर से व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी जामा मस्जिद क्षेत्र को छह सेक्टरों में विभाजित किया गया था और प्रत्येक सेक्टर में मजिस्ट्रेट के साथ भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। इसके अलावा क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पहले ही शांति समिति की बैठक आयोजित कर स्थानीय लोगों और धर्मगुरुओं से सहयोग की अपील की गई थी रमजान के आखिरी जुमा की नमाज को इस्लाम में विशेष महत्व दिया जाता है। यह दिन रमजान के समापन का संदेश भी देता है। इस मौके पर नमाजी एक ओर जहां अल्लाह की इबादत करते हैं, वहीं रहमत और बरकत से भरे इस महीने के विदा होने का गम भी व्यक्त करते हैं। इसी वजह से लोग एक-दूसरे से ?अलविदा-अलविदा माह-ए-रमजान अलविदा? कहकर इस पवित्र महीने को रुखसत करते हैं जुम्मा अलविदा की नमाज के बाद अब लोगों में आने वाले ईद-उल-फितर के त्योहार को लेकर उत्साह बढ़ गया है नमाज शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होने के बाद प्रशासन ने भी राहत की सांस ली और पूरे कार्यक्रम के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लोगों का आभार व्यक्त किया।