पीटीआर में वन टीम पर  हमला, सरकारी वाहन  तोड़े, वन दरोगा की ओर से पुलिस ने 64 पर दर्ज किया केस

पीलीभीत। पीटीआर क्षेत्र में जंगल में ग्रामीणों एवं वन विभाग की टीम के बीच हिंसक झड़प हो गई। हमले में वन दरोगा गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामले में ग्राम प्रधान समेत 64 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने से क्षेत्र में खलबली मच गई है। जंगल में अवैध गतिविधियों को रोकने पहुंची वन विभाग की टीम पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया। हमले में वन दरोगा सहित कई कर्मी घायल हो गए। घटना में सरकारी वाहन और बाइक भी तोड़ दी गई। मामले में वन दरोगा की तहरीर पर ग्राम प्रधान सहित 64 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। बताया गया है कि घटना 3 मार्च 2026 की रात की है, जिसकी रिपोर्ट 4 मार्च को शाम करीब 5:30 बजे दर्ज कराई गई। एफआईआर के अनुसार वन दरोगा सुमित कुमार पुत्र सोहन सिंह, जो महोफ रेंज की बनकटी चौकी क्षेत्र में तैनात हैं, 3 मार्च की रात करीब 8:45 बजे गश्त पर थे। इसी दौरान सूचना मिली कि ग्राम मरौरी की ओर से कुछ लोग लाठी-डंडों और धारदार हथियारों के साथ जंगल में प्रवेश कर रहे हैं। आरोप है कि उनका उद्देश्य जंगल से लकड़ी काटना और जंगली जानवरों का शिकार करना था। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन वहां करीब 100 से अधिक लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। आरोप है कि भीड़ ने वनकर्मियों को घेर लिया और जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। हमले में वन दरोगा सुमित कुमार के सिर और हाथ में गंभीर चोटें आईं, जबकि टाइगर ट्रैकर कर्मी के पैर में भी चोट लगी। स्थिति बिगड़ती देख वन टीम को किसी तरह जान बचाकर पीछे हटना पड़ा। हमलावरों ने वन विभाग के सरकारी वाहन (UP 26 V0988) को लाठी डंडों से क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके अलावा विभाग की मोटरसाइकिल (UP 26 AU 7159) को भी तोड़ दिया गया और एक साइकिल उठा ले जाने का भी आरोप है। आरोप है कि हमलावर धमकी देते हुए कह रहे थे कि दोबारा रेंज में घुसने पर जान से मार देंगे।
एफआईआर में ग्राम प्रधान मेवाराम, नितिन, बंटी, लाला राम राजपूत, रूपलाल, ज्ञानी, प्रेमराज, बालकराम, राजेश, राजकुमार, पप्पू, बाबूजी, खूबचंद, इमरता समेत करीब 14 नामजद और लगभग 50 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता 2023 की ह विभिन्न धाराओं और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच उपनिरीक्षक संजीव कुमार को सौंपी है। थाना प्रभारी न्यूरिया के अनुसार मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।