नावा सिटी रेलवे स्टेशन पर आधुनिक गुड्स शेड तैयार, 14 सीसीटीवी कैमरों से होगी 24 घंटे निगरानी

नावा सिटी रेलवे स्टेशन पर आधुनिक गुड्स शेड तैयार, 14 सीसीटीवी कैमरों से होगी 24 घंटे निगरानी

697 मीटर लंबा और 17 मीटर चौड़ा माल प्लेटफॉर्म विकसित, व्यापारियों और श्रमिकों को मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं

जोधपुर। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल ने माल परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और सुरक्षित बनाने की दिशा में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। नावा सिटी रेलवे स्टेशन पर आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित गुड्स शेड का विकास एवं आधुनिकीकरण कार्य पूरा कर लिया गया है। मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी के निर्देशन में तैयार इस गुड्स शेड में व्यापारियों, श्रमिकों और माल लदान से जुड़ी गतिविधियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।

वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक हितेश यादव ने बताया कि गुड्स शेड में 697 मीटर लंबा और 17 मीटर चौड़ा सीसी सरफेसिंग युक्त माल प्लेटफॉर्म बनाया गया है। इसके अलावा 16 मीटर × 10.67 मीटर आकार के तीन प्लेटफॉर्म शेल्टर और वाटर बूथ भी विकसित किए गए हैं। इससे माल की लोडिंग और अनलोडिंग के दौरान श्रमिकों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।

व्यापारियों और कर्मचारियों की सुविधा के लिए मुख्य गुड्स पर्यवेक्षक कार्यालय को सीसीटीवी मॉनिटरिंग सुविधा से लैस किया गया है। इसके साथ ही व्यापारियों के लिए अलग मर्चेंट रूम तथा महिला और पुरुष श्रमिकों के लिए पृथक श्रमिक कक्षों का निर्माण किया गया है।

14 कैमरों से होगी निगरानी

गुड्स शेड की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए कुल 14 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इनमें 12 कैमरे माल प्लेटफॉर्म और 2 कैमरे मुख्य गुड्स पर्यवेक्षक कार्यालय में स्थापित किए गए हैं। सभी कैमरों की लाइव निगरानी कार्यालय से की जा सकेगी। इसके साथ ही कैमरों की रिकॉर्डिंग 30 दिनों तक सुरक्षित रखने की व्यवस्था की गई है।

जोधपुर मंडल में पहली बार पूरी हुई एकीकृत व्यवस्था

नावा सिटी गुड्स शेड जोधपुर मंडल का पहला ऐसा गुड्स शेड बन गया है, जहां सीसीटीवी कैमरों की स्थापना से संबंधित सिविल, विद्युत तथा सिग्नल एवं दूरसंचार विभाग के सभी कार्य समन्वित रूप से पूरे किए गए हैं।

रेलवे की इस पहल से माल परिवहन गतिविधियों को अधिक व्यवस्थित बनाने, व्यापारियों को बेहतर सुविधाएं देने और श्रमिकों के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण तैयार करने में मदद मिलेगी। आधुनिक निगरानी व्यवस्था से गुड्स शेड की सुरक्षा भी पहले से अधिक मजबूत होगी।