पाटन को मिली बड़ी रेल सौगात, चेन्नई सुपरफास्ट एक्सप्रेस का ठहराव शुरू

पाटन और आसपास के यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी होने के साथ क्षेत्र की रेल कनेक्टिविटी को बड़ी मजबूती मिली है। पश्चिम रेलवे ने भगत की कोठी?एमजीआर चेन्नई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस का पाटन रेलवे स्टेशन पर अतिरिक्त ठहराव शुरू कर दिया है। शुक्रवार, 21 अगस्त 2026 को आयोजित समारोह में पाटन के सांसद भरतसिंहजी डाभी और अहमदाबाद मंडल के मंडल रेल प्रबंधक वेद प्रकाश ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस अवसर पर सांसद भरतसिंहजी डाभी ने कहा कि पाटन में इस महत्वपूर्ण ट्रेन के ठहराव की मांग क्षेत्र के नागरिकों, वरिष्ठ नागरिकों और जनप्रतिनिधियों द्वारा लंबे समय से की जा रही थी। उन्होंने बताया कि इस मांग को लगातार रेल मंत्रालय के समक्ष उठाया गया, जिसके सकारात्मक परिणामस्वरूप पाटन को यह महत्वपूर्ण रेल सुविधा मिली है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय रेलवे द्वारा गुजरात सहित देशभर में रेल कनेक्टिविटी और यात्री सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उत्तर गुजरात में मीटर गेज लाइनों को ब्रॉड गेज में परिवर्तित किए जाने से क्षेत्र की रेल सुविधाओं में बड़ा सुधार हुआ है।

30 प्रमुख शहरों से जुड़ेगा पाटन

मंडल रेल प्रबंधक वेद प्रकाश ने बताया कि भगत की कोठी?एमजीआर चेन्नई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस के पाटन में ठहराव से क्षेत्र के यात्रियों को राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु सहित देश के करीब 30 प्रमुख शहरों से सीधी रेल कनेक्टिविटी मिलेगी।

उन्होंने कहा कि यह रेल सेवा व्यापार, उद्योग, पर्यटन और रोजगार से जुड़े आवागमन को भी गति दे सकती है। पाटन के प्रसिद्ध पटोला सहित स्थानीय उत्पादों को देश के विभिन्न बाजारों तक पहुंचाने में भी बेहतर रेल संपर्क मददगार साबित होगा।

40 करोड़ की लागत से विकसित हो रहा पाटन स्टेशन

पाटन रेलवे स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आधुनिक सुविधाओं से विकसित किया जा रहा है। मंडल रेल प्रबंधक के अनुसार स्टेशन पर करीब 40 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास कार्य चल रहे हैं। स्टेशन के दोनों ओर नई स्टेशन इमारत का निर्माण किया जा चुका है, जबकि करीब 12 मीटर चौड़े फुट ओवरब्रिज का निर्माण प्रगति पर है। यात्रियों की सुविधा के लिए इसमें लिफ्ट की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।

स्टेशन के स्वरूप में पाटन की ऐतिहासिक पहचान को भी स्थान दिया जा रहा है। स्टेशन की वास्तुकला में प्रसिद्ध रानी की वाव की स्थापत्य शैली और पत्थर की बनावट से प्रेरित तत्वों को शामिल किया जा रहा है। इससे स्टेशन को स्थानीय इतिहास और संस्कृति से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।

तारंगा?अंबाजी?आबू रोड रेल लाइन को भी मिली मंजूरी

सांसद भरतसिंहजी डाभी ने बताया कि उनके प्रयासों से तारंगा?अंबाजी?आबू रोड रेल लाइन के लिए करीब 3,200 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। उन्होंने चाणस्मा?राधनपुर रेल लाइन के लिए भी प्रयास जारी रहने की बात कही। उन्होंने विश्वास जताया कि इन परियोजनाओं से उत्तर गुजरात में आर्थिक गतिविधियों और आवागमन को नई गति मिलेगी।

वर्तमान में पाटन स्टेशन पर 16 जोड़ी ट्रेनें ठहरती हैं, जिनमें पांच जोड़ी यात्री ट्रेनें तथा अन्य मेल/एक्सप्रेस ट्रेनें शामिल हैं। नई सुपरफास्ट ट्रेन के ठहराव से यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा के लिए एक और महत्वपूर्ण विकल्प उपलब्ध हो गया है।

यह रहेगा ट्रेन का समय

ट्रेन संख्या 20626 भगत की कोठी?एमजीआर चेन्नई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस पाटन स्टेशन पर सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार और रविवार को सुबह 11:35 बजे पहुंचेगी और 11:37 बजे रवाना होगी।

वहीं ट्रेन संख्या 20625 एमजीआर चेन्नई सेंट्रल?भगत की कोठी सुपरफास्ट एक्सप्रेस सोमवार, मंगलवार, गुरुवार, शुक्रवार और रविवार को यात्रा के तीसरे दिन रात 3:57 बजे पाटन पहुंचेगी और 3:59 बजे रवाना होगी।

इस नई रेल सुविधा से पाटन और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को बेहतर आवागमन सुविधा मिलने के साथ व्यापारिक एवं औद्योगिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।