रामनगर-देहरादून ट्रेन बनी विकास की नई रफ्तार, उत्तराखंड को मिली बड़ी सौगात

रामनगर। उत्तराखंड के लिए शनिवार का दिन ऐतिहासिक बन गया। वर्षों से जिस रेल सेवा का इंतजार किया जा रहा था, वह सपना आखिरकार साकार हो गया। रामनगर-देहरादून ट्रेन सेवा का शुभारंभ होने के साथ ही कुमाऊं और गढ़वाल के बीच रेल संपर्क का एक नया अध्याय शुरू हो गया। यह ट्रेन प्रदेश के विकास, पर्यटन, व्यापार, शिक्षा और रोजगार को नई गति देने के साथ हजारों यात्रियों के सफर को पहले से कहीं अधिक आसान बनाएगी।

नई रेल सेवा का शुभारंभ केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दिल्ली से, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया। वहीं रामनगर रेलवे स्टेशन पर पौड़ी सांसद अनिल बलूनी, हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत और विधायक दीवान सिंह बिष्ट ने हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। इस अवसर पर रेलवे स्टेशन को आकर्षक ढंग से सजाया गया और लोगों में उत्साह का माहौल देखने को मिला।

केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यह ट्रेन केवल एक नई रेल सेवा नहीं, बल्कि कुमाऊं और गढ़वाल के बीच विकास का मजबूत सेतु है। इससे दोनों क्षेत्रों के लोगों की आवाजाही आसान होगी, पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय व्यापार को नई उड़ान मिलेगी। उन्होंने बताया कि मुरादाबाद मंडल में चल रहे कार्य पूरे होने के बाद इस ट्रेन को नियमित रूप से प्रतिदिन चलाने का प्रयास किया जाएगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड में आधुनिक रेल सुविधाओं का तेजी से विस्तार हो रहा है। यह नई ट्रेन प्रदेश के संतुलित विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे आम लोगों, विद्यार्थियों, कर्मचारियों, व्यापारियों और पर्यटकों को सीधा लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि राज्य में बेहतर कनेक्टिविटी से आर्थिक गतिविधियों को भी नई मजबूती मिलेगी।

सांसद अनिल बलूनी ने कहा कि रामनगर-देहरादून रेल सेवा लंबे समय से क्षेत्र की जनता की प्रमुख मांग थी, जो अब पूरी हो गई है। इससे पौड़ी, नैनीताल और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का नया विकल्प मिलेगा।

फिलहाल यह ट्रेन सप्ताह में दो दिन-बुधवार और शुक्रवार संचालित होगी। भविष्य में इसे प्रतिदिन चलाने की दिशा में प्रयास किए जाएंगे।

रामनगर-देहरादून ट्रेन सेवा का शुभारंभ उत्तराखंड के लिए केवल एक नई रेल सुविधा नहीं, बल्कि विकास, बेहतर संपर्क और उज्ज्वल भविष्य की नई शुरुआत है।