जींद से प्रधानमंत्री मोदी ने 14,700 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण, देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन को दिखाई हरी झंडी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को हरियाणा के जींद से लगभग 14,700 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का शुभारंभ भी किया और कहा कि आज जींद ने इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि जींद?सोनीपत के बीच 90 किलोमीटर लंबे मार्ग पर शुरू की गई हाइड्रोजन ट्रेन भारत की हरित परिवहन क्रांति का नया अध्याय है। उन्होंने कहा कि यह ट्रेन पूरी तरह प्रदूषण मुक्त है और 'मेक इन इंडिया' की बड़ी सफलता का प्रतीक है। प्रधानमंत्री ने बताया कि 3,200 हॉर्सपावर क्षमता और 10 डिब्बों वाली यह हाइड्रोजन ट्रेन दुनिया की सबसे शक्तिशाली ट्रेनों में शामिल है।

उन्होंने कहा कि रेल और सड़क संपर्क में तेजी से हो रहा विस्तार विकास को नई गति दे रहा है। कार्यक्रम के दौरान दिल्ली?अमृतसर?कटरा एक्सप्रेसवे के हिस्से, जींद?गोहाना राष्ट्रीय राजमार्ग, अंबाला?कालाअंब फोरलेन परियोजना सहित कई सड़क एवं रेल परियोजनाओं का भी शुभारंभ किया गया।

प्रधानमंत्री ने भिवानी के पंडित नेकीराम शर्मा मेडिकल कॉलेज, महर्षि च्यवन मेडिकल कॉलेज तथा नारनौल के राव तुलाराम अस्पताल को भी राष्ट्र को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि ये संस्थान हरियाणा में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के साथ युवाओं के लिए चिकित्सा शिक्षा के नए अवसर उपलब्ध कराएंगे।

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले भारतीय रेल का केवल 30 प्रतिशत नेटवर्क विद्युतीकृत था, जबकि अब लगभग 99 प्रतिशत रेल नेटवर्क और हरियाणा का 100 प्रतिशत रेल नेटवर्क विद्युतीकृत हो चुका है। इससे वैश्विक ईंधन संकट के बावजूद रेल सेवाएं निर्बाध रूप से संचालित हो रही हैं।

प्रधानमंत्री ने खेलों को बढ़ावा देने पर भी जोर देते हुए कहा कि केंद्र सरकार नई 'खेलो भारत' नीति लेकर आई है। खेलो इंडिया और टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (TOPS) जैसी योजनाओं के माध्यम से खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने युवाओं से 2030 राष्ट्रमंडल खेलों और 2036 ओलंपिक की तैयारियों में जुटने का आह्वान किया।

प्रधानमंत्री ने किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, आधुनिक अवसंरचना, पारदर्शी भर्ती व्यवस्था और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण का भी उल्लेख किया। उन्होंने कुरुक्षेत्र में सिख संग्रहालय की आधारशिला रखने की घोषणा करते हुए कहा कि यह देश की गौरवशाली विरासत को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगा।

प्रधानमंत्री ने विश्वास जताया कि नई परियोजनाएं हरियाणा में रोजगार, उद्योग, पर्यटन, कृषि और आर्थिक विकास को नई गति देंगी तथा विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।