नेपाल में 72 घंटे से हो रही रुक-रुक कर झमाझम बारिश से गंडक बराज के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी जारी।

  • गंडक बराज ने छोड़ा 2 लाख 19 हजार 3 सौ क्यूसेक पानी।
  • गंड़क बराज के सभी अधिकारियों व कर्मचारीय़ों को किया गया हाई आलर्ट।
  • गंडक बराज के पानी का लिया जा रहा है,पल-पल का रिपोर्ट।

वाल्मीकि नगर से अभिमन्यु कुमार गुप्ता की रिपोर्ट।पड़ोसी देश नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों व पहाड़ी क्षेत्रों में 72 घंटे से रुक-रुक कर हो रही झमाझम बारिश से गंडक नदी के जलस्तर में फिर एक बार लगातार वृद्धि जारी है।वहीं गंडक बराज द्वारा मंगलवार की दोपहर को 2 लाख 19 हजार 3 सौ क्यूसेक पानी छोड़ा गया। लेकिन अभी भी गंडक बराज के जलस्तर में भारी वृद्धि जारी है।इस बाबत गंडक बराज के कार्यपालक अभियंता मो. इकबाल अनवर ने बताया कि जल स्तर में वृद्धि को देखते हुए गंडक बराज के सभी 36 फाटको को आंशिक रूप से खोल दिया गया है।उन्होंने आगे बताया कि पानी की बढ़ती स्थिति के मद्देनजर गंडक बराज पर तैनात सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को हाई अलर्ट कर दिया गया है। उन्होंने आगे बताया कि गंडक बराज के जल स्तर में बनी वृद्धि को देखते हुए रात दिन बराज पर कैंप किया गया है।तथा पल-पल की रिपोर्ट पर नजर रखी जा रही हैं। नेपाल के जल ग्रहण व पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही रूक-रूक झमाझम बारिश होने के कारण गंडक नदी का जलस्तर लगातार बढ़ता जा रहा है।वही नेपाल के देव घाट से 1 लाख 99 हजार क्यूसेक पानी फोलो किया गया हैं।जिससे नीचले कई इलाकों में फिर से गंडक नदी का पानी फैलने लगा है। वही गंडक नदी से सटे वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के अंतर्गत वाल्मीकि नगर वन क्षेत्र के कक्षा संख्या एम 29 एवं 30 तथा 28 धनहिया दियरा, ठाडी आदि के जंगल में गंडक का पानी और बरसात का पानी फैला रहा है। तथा वन क्षेत्र में बरसाती पानी व गंडक नदी का पानी घुसने से वन्य जीव सुरक्षित जगहों की तलाश में ऊंचे स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं।तथा गंडक नदी के तटवर्ती गांव चकदहवा,झंडू टोला एसएसबी कैंप, बिन टोली, कान्ही टोला के आलावा ऊत्तर-प्रदेश के शिवपुर, मरचहवा आदि निचले क्षेत्रों में पानी देर रात तक घुसने की आशंका हैं। अभियंता ने बताया कि देर शाम तक 3 लाख से अधिक गंडक नदी के जलस्तर में बढ़ने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है।