दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की कस्टमर मीट में उद्योग जगत से संवाद, माल परिवहन को नई गति देने पर मंथन

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की कस्टमर मीट में उद्योग जगत से संवाद, माल परिवहन बढ़ाने पर जोर

बिलासपुर। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने माल परिवहन व्यवसाय से जुड़े ग्राहकों, उद्योग प्रतिनिधियों और व्यापारिक संगठनों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से मुख्यालय बिलासपुर में ग्राहक मिलन (कस्टमर मीट) कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधान मुख्य परिचालन प्रबंधक कमल किशोर सिन्हा और प्रधान मुख्य वाणिज्य प्रबंधक बिजय कुमार ने की।

बैठक में 29 विभिन्न फर्मों के 48 प्रतिनिधियों सहित माल परिवहन ग्राहक, उद्योग प्रतिनिधि, साइडिंग संचालक, व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारी तथा रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। इस दौरान रेलवे और ग्राहकों के बीच मजबूत साझेदारी को माल परिवहन व्यवसाय की सफलता का आधार बताते हुए ग्राहक सुविधाओं, डिजिटल सेवाओं और रेलवे की विभिन्न व्यावसायिक पहलों की जानकारी साझा की गई।

कार्यक्रम में माल लदान, अनलोडिंग सुविधाओं, रेलवे साइडिंग, माल शेड, पार्सल एवं लॉजिस्टिक सेवाओं के साथ-साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। ग्राहकों द्वारा दिए गए सुझावों और मांगों पर गंभीरता से विचार करते हुए रेलवे अधिकारियों ने उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया।

बैठक के दौरान दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की उपलब्धियों पर विशेष प्रस्तुति भी दी गई। वित्तीय वर्ष 2025-26 में जोन ने 261.25 मिलियन टन माल लदान कर भारतीय रेल में दूसरा स्थान हासिल किया। वहीं 199.40 मिलियन टन कोयला लदान के साथ देश में पहला स्थान प्राप्त किया। इसी अवधि में 30,410.30 करोड़ रुपये का उद्गम माल राजस्व अर्जित कर जोन ने उल्लेखनीय प्रदर्शन किया। साथ ही 151.25 बिलियन नेट टन किलोमीटर (एनटीकेएम) का रिकॉर्ड भी बनाया, जो भारतीय रेल के किसी भी जोन में सर्वाधिक है।

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि माल परिवहन अवसंरचना को मजबूत करने के लिए नए गति शक्ति मल्टी-मॉडल कार्गो टर्मिनलों का संचालन, माल शेड सुविधाओं का विस्तार तथा सीसीटीवी और ड्रोन आधारित डिजिटल मॉनिटरिंग जैसी आधुनिक व्यवस्थाएं लागू की गई हैं, जिससे ग्राहकों को अधिक पारदर्शी और बेहतर सेवाएं मिल रही हैं।

कार्यक्रम में शामिल उद्योग प्रतिनिधियों और ग्राहकों ने रेलवे की सेवाओं की सराहना करते हुए भविष्य में भी ऐसे संवादात्मक कार्यक्रम आयोजित करने की आवश्यकता पर बल दिया। कार्यक्रम का समापन उप मुख्य परिचालन प्रबंधक (गुड्स) अर्जुन सिबल के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।