जम्मू मंडल में विकास की नई पहचान बने सीनियर डीईएन शुभम पवार, आधुनिक डीआरएम ऑफिस ने बढ़ाई रेलवे की शान

जम्मू। भारतीय रेल में कुछ अधिकारी अपने पद से नहीं बल्कि अपने काम और समर्पण से पहचान बनाते हैं। जम्मू मंडल में इंजीनियरिंग विभाग के सीनियर डीईएन शुभम पवार आज ऐसे ही अधिकारियों में गिने जा रहे हैं, जिनकी मेहनत, ईमानदारी और 24 घंटे रेल सेवा के प्रति समर्पण की चर्चा पूरे मंडल में हो रही है।

चाहे तेज बारिश हो, आंधी-तूफान हो या फिर आधी रात शुभम पवार हर परिस्थिति में रेल कार्यों की निगरानी करते नजर आते हैं। रेलवे कर्मचारियों के बीच अक्सर यह चर्चा रहती है कि आखिर इतनी ऊर्जा और लगन के साथ लगातार काम करने वाले यह अधिकारी आराम कब करते हैं। उनकी कार्यशैली ने इंजीनियरिंग विभाग में नई ऊर्जा और जिम्मेदारी की भावना पैदा की है।

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी उन्होंने दिन-रात ट्रैक और रेलवे कार्यों की मॉनिटरिंग कर यह साबित कर दिया कि यात्रियों की सुरक्षा और रेल संचालन उनके लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है। 24 घंटे लगातार ट्रैक पर कार्य कराकर उन्होंने रेलवे सेवा के प्रति अपने समर्पण का शानदार उदाहरण पेश किया।

इसी मेहनत और दूरदृष्टि का परिणाम है कि जम्मू मंडल कार्यालय में मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय को बेहद आधुनिक, आकर्षक और सुविधाओं से युक्त स्वरूप दिया गया है। इंजीनियरिंग विभाग द्वारा तैयार किया गया नया कार्यालय किसी कॉर्पोरेट ऑफिस से कम नहीं दिखाई देता। इसमें बनाया गया अत्याधुनिक कॉन्फ्रेंस रूम अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए आधुनिक कार्यसंस्कृति का नया केंद्र बन गया है।

जम्मू मंडल के सीनियर डीसीएम उचित सिंघल ने बताया कि इस शानदार कॉन्फ्रेंस रूम का उद्घाटन मंडल रेल प्रबंधक द्वारा किया गया। उन्होंने कहा कि जम्मू मंडल में विकास कार्य अभूतपूर्व गति से आगे बढ़ रहे हैं और इंजीनियरिंग विभाग हर दिन नए मानक स्थापित कर रहा है।

रेलवे कर्मचारियों का कहना है कि शुभम पवार जैसे अधिकारी भारतीय रेल की असली ताकत हैं, जो बिना रुके और बिना थके पूरी निष्ठा से रेलवे को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में जुटे हैं। उनकी कार्यशैली न केवल विभाग के लिए प्रेरणा है, बल्कि यह बताती है कि समर्पण और ईमानदारी से किसी भी संस्थान की तस्वीर बदली जा सकती है।