मां वैष्णो देवी के दरबार में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, देश की सुख-समृद्धि की कामना

मां वैष्णो देवी के दरबार में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, देश की सुख-समृद्धि की कामना

सीएम के दौरे को लेकर कटड़ा और भवन क्षेत्र में प्रशासन रहा अलर्ट, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

कटड़ा। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार को पवित्र त्रिकुटा पर्वत स्थित श्री माता वैष्णो देवी धाम पहुंचकर मां के दर्शन किए और विधि-विधान से विशेष पूजा-अर्चना की। मुख्यमंत्री ने इस दौरान देश की शांति, समृद्धि और नागरिकों के सुख-स्वास्थ्य की कामना की।

मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर कटड़ा सहित भवन क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। प्रशासन एवं पुलिस विभाग पूरी तरह सतर्क रहा और यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा सुनिश्चित की गई।

कटड़ा पहुंचने पर हुआ स्वागत

रविवार सुबह मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता आधार शिविर कटड़ा पहुंचीं, जहां भारतीय जनता पार्टी जिला रियासी के अध्यक्ष रोहित दुबे सहित पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इसके बाद मुख्यमंत्री भवन के लिए रवाना हुईं।

सुबह 11 बजे पहुंचीं भवन, की विशेष पूजा

करीब सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री मां वैष्णो देवी भवन पहुंचीं और पवित्र दरबार में माथा टेककर पूजा-अर्चना की। मंदिर के पुजारियों ने उन्हें मां की पावन चुनरी और प्रसाद भेंट कर आशीर्वाद दिया।

सीएम बोलीं- दरबार में मिला आत्मिक सुकून

दर्शन के बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि मां वैष्णो देवी के दरबार में आकर उन्हें अद्भुत आध्यात्मिक ऊर्जा और शांति का अनुभव हुआ। उन्होंने कहा कि उन्होंने मां से पूरे देश की सुख-शांति, समृद्धि और नागरिकों के सुरक्षित व स्वस्थ जीवन की प्रार्थना की है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत निरंतर विकास के पथ पर आगे बढ़े और समाज में भाईचारा एवं सकारात्मक वातावरण बना रहे, यही उनकी कामना है।

प्रशासन रहा सतर्क, श्रद्धालुओं की व्यवस्था रही सुचारू

मुख्यमंत्री का दौरा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित रहा। सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ श्रद्धालुओं की आवाजाही भी सुचारू बनी रही। मुख्यमंत्री करीब दोपहर 1 बजे भवन से वापस कटड़ा पहुंचीं और वहां से सड़क मार्ग द्वारा जम्मू के लिए प्रस्थान कर गईं।

मुख्यमंत्री के दर्शन को लेकर स्थानीय श्रद्धालुओं और भाजपा कार्यकर्ताओं में भी उत्साह देखने को मिला। इसे धार्मिक पर्यटन और आस्था के दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।