* अध्यक्ष बनने पर नारायण गिरी जी का भव्य स्वागत - स्वामी राजेश्वरानंद जी *

दिल्ली 22अप्रैल:~"व्यक्तित्व वह जिसकी पद के कारण नहीं बल्कि पद का महत्व उसके कारण बढ़ जाए ऐसी ही गुरुमूर्ति है नारायण गिरी जी महाराज यह वक्तव्य दिया गया श्री राजमाता झंडेवाला मंदिर समूह परमाध्यक्ष स्वामी श्री राजेश्वरानंद जी महाराज द्वारा गोरख पार्क शाहदरा स्थित श्री राजमाता झंडेवाला मंदिर में महंत नारायण गिरी जी महाराज को 13 मढ़ी अध्यक्ष बनने पर भव्य स्वागत करते हुए।

सदगुरु राजदरबार के प्रबंधक राम वोहरा ने बताया कि "

गाजियाबाद सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर के पीठाधीश्वर द्वारा संत महात्माओं एवं सनातन संस्कृति हेतु समर्पित भाव देखते हुए पूर्व में जूना अखाड़ा उन्हें सनातन धर्म अंतर्गत गौ के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता कार्य की जिम्मेदारी सौंपी गई।इस पद पर निरंतर विश्वास को परिपक्व किया गया तो राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के विशिष्ट सन्त महात्माओं द्वारा नारायण गिरी जी को दिल्ली संत महामंडल राष्ट्रीय अध्यक्ष पद को सुशोभित करने का आग्रह किया जिसको महंत जी द्वारा विनम्रता पूर्वक स्वीकार किया गया। अपने पदों की गरीमा को बढ़ाते हुए गंगा गुरु गीता संतो महात्माओं में सेवा भाव के दृष्टि गोचर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज को श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा 13 मढ़ी का अध्यक्ष बनाते हुए विश्व के वरिष्ठ संतो महंतो द्वारा गर्व एवं हर्ष व्यक्त किया गया।

श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज को महाराष्ट्र के नांदेड जिले में मोरगढ़ स्थित श्री दत्त शिखर संस्थान में जूना अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज की अध्यक्षता में आयोजित समारोह में, जूना अखाड़ा के अंतरराष्ट्रीय संरक्षक एवं अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महामंत्री श्रीमहंत हरि गिरि महाराज ने उन्हें जूना अखाड़ा की 13 मढ़ी का अध्यक्ष नियुक्त किया।इसी संदर्भ में अनेक पदों को सुशोभित करने वाले एवं सनातन संस्कृति के गौरव महंत नारायण गिरी जी महाराज का भव्य स्वागत स्वामी श्री राजेश्वरानंद जी महाराज द्वारा किया गया।स्वामी राजेश्वरानंद जी महाराज द्वारा सर्वप्रथम नारायण गिरी जी को गुलाब के फूलों की पुष्पमाला पहनाकर बोला इन पुष्पों का जीवन सफल हो गया है तत्पश्चात पुष्पवर्षा करते हुए मंत्रोचारण के साथ पगड़ी पहनाई गई। सद्गुरू राजदरबार प्रबंधक राम वोहरा द्वारा शॉल ओढ़ाकर एवं स्वामी राजेश्वरानंद जी के साथ हिन्दू युवा वाहिनी IT सेल संयोजक मनोज सिंह राजपूत एवं प्राचीन श्री राजमाता जी मंदिर पुजारी रोहित कौशिक द्वारा स्मृति चिन्ह भेंट करते हुए आशीर्वाद प्राप्त किया गया।

इस अवसर पर स्वामी श्री राजेश्वरानंद जी महाराज ने कहा कि "मनुष्य को उत्कृष्ट कार्यों के लिए पद मिले तो वह पद की गरिमा महिमा को बढ़ाए इसका साक्षात् रूप महंत नारायण गिरी जी महाराज है जिनके सेवा भाव,संत महात्माओं,सनातन ही नहीं बल्कि संपूर्ण मानवता के लिए कार्यरत रहते है। जिनके सान्निध्य में निम्न वर्ग भी स्वयं को गौरांवित महसूस करता है। मात्र विश्वास ही नहीं यह प्रत्यक्ष दिखाई दे रहा है कि नारायण गिरी जी द्वारा संत महात्माओं सनातन संस्कृति एवं सम्पूर्ण मानवता की सेवा उत्थान विकास के लिए जो कार्य किए जाएंगे वह इतिहास का निर्माण करेंगे।

महंत नारायण गिरी जी महाराज ने कहा कि यह केवल एक पद नहीं, बल्कि धर्म, समाज एवं राष्ट्र की सेवा करने का एक पावन अवसर है, जो उन्हें भगवान दूधेश्वर की कृपा एवं गुरु-मूर्तियों की समाधियों के आशीर्वाद से प्राप्त हुआ है। वे इस दायित्व का निर्वहन एक अध्यक्ष के रूप में नहीं, बल्कि एक सेवक के रूप में करेंगे। गुरु-मूर्तियों का जो भी आदेश होगा, उसका पालन करते हुए वे उसी प्रकार कार्य करेंगे, जैसे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं को ?प्रधान सेवक? मानकर राष्ट्र सेवा में निरंतर लगे हुए हैं।

इस सूक्ष्म कार्यक्रम में अनेक भक्तजनों के साथ मीडिया कर्मी यथार्थ शर्मा,पुजारी अमित शर्माजी उपस्थित रहे।स्वामी जी ने कहा सामूहिक विवाह महोत्सव से पहले ही श्री राजमाता झंडेवाला मंदिर में नारायण गिरी जी का भव्य स्वागत समारोह रखा जाएगा।

राम वोहरा 9212315006