कुदरत का कहर, किसान है ना फिर से उठेगा, फिर बोएगा, फिर उम्मीद लगाएगा, ओलों ने सिर्फ फसल नहीं, किसान के सपने भी तोड़ दिए, हर गिरते दाने के साथ उसका दिल भी बिखर गया

श्रीगंगानगर जिले के सूरतगढ़, राजियासर, रायसिंहनगर सहित सीमावर्ती क्षेत्र के गांव मोकलसर, खाटा, 33 PS, 34, 35, 36,37PS सहित कई गांवों में असमय हुई ओलावृष्टि- बारिश से किसानों की फसलें तबाह हो गई । सूरतगढ़ के अर्जनसर के पास भी बहुत ज्यादा ओलावृष्टि हुई है ओलावृष्टि से किसानो की फसल पूरी तरह खराब हो चुकी है और इस असमय बारिश और ओलावृष्टि के कारण किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया है।

अब किसानों की राजस्थान सरकार और स्थानीय प्रशासन से मांग है कि अतिवृष्टि से खराब हुई किसानों की फसलों का तुरंत प्रभाव से समय पर सर्वे करवाकर पीड़ित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। और बीमा कंपनियों को भी सर्वे रिपोर्ट में नुकसान का सही आकलन कर रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिये जायें। जिससे किसानों को राहत मिल सके। किसानों की पकी-पकाई पूरी फसल नष्ट हो गई है सरकार तुरंत मुआवजा देवे ताकि किसानों को राहत की सांस आ सके।