भाकियू चढूनी के कार्यकर्ताओं ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील का किया विरोध

पीलीभीत। पूरनपुर तहसील परिसर में शुक्रवार दोपहर भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के कार्यकर्ताओं ने भारत-अमेरिका की ट्रेड डील और केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध प्रदर्शन किया।
संगठन ने प्रधानमंत्री और अमेरिकी राष्ट्रपति के पुतले जलाने की चेतावनी दी थी, जिसके बाद पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया। किसानों को पुतला दहन से रोकने के लिए पूरनपुर कोतवाली के साथ-साथ सेहरामऊ, माधोटांडा और घुंघचाई थानों की पुलिस फोर्स नगर में तैनात की गई। सिरसा चौराहा, घुंघचाई चौराहा, मंडी समिति गेट और तहसील परिसर सहित कई स्थानों पर पुलिस मुस्तैद रही। उपजिलाधिकारी अजीत प्रताप सिंह और पुलिस क्षेत्राधिकारी प्रतीक दहिया भी पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद थे। तहसील कर्मचारियों को भी एहतियातन विभिन्न स्थानों पर तैनात किया गया।
किसान संगठन और प्रशासन के बीच पुतला दहन को लेकर तीखी नोकझोंक हुई। इसके बावजूद किसान नहीं माने और तहसील से पैदल ही सिरसा चौराहे की ओर बढ़ गए, जहां पुतले भी पहुंचा दिए गए थे। किसानों ने प्रशासन से कहा कि वे भारत के प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि केवल अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला जलाना चाहते हैं। इसी बात को लेकर पुलिस और किसानों के बीच धक्का-मुक्की हुई। गुस्साए किसानों ने पुतले के बचे हुए अवशेषों में आग लगाकर विरोध दर्ज कराया। फायर कर्मियों ने गैस की सहायता से आग पर काबू पाया। मौके पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी भी तैनात रही। किसान नेताओं ने कहा कि भारत-अमेरिका
की ट्रेड डील से किसानों की आय और स्थानीय बाजारों पर बुरा असर पड़ेगा।
उन्होंने एमएसपी की कानूनी गारंटी, कर्ज माफी और किसान हितैषी नीतियों की मांग दोहराई। प्रदर्शन के दौरान भारत के प्रधानमंत्री और अमेरिका के राष्ट्रपति के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। इस दौरान भूपेंद्र सिंह (तराई प्रदेश अध्यक्ष), गुरविंदर सिंह (प्रदेश सचिव), गुरजिंदर सिंह (मंडल उपाध्यक्ष), मनदीप सिंह (तहसील प्रभारी कलीनगर), गुरप्रीत सिंह (तहसील अध्यक्ष बीसलपुर), जगविंदर सिंह (तहसील अध्यक्ष पूरनपुर), अमरीक सिंह (जिला सचिव), रेशम सिंह, गुरदीप सिंह, श्यामल सरकार और सुरेश यादव मौजूद थे।