उत्तर रेलवे ने फेक वीडियो फैलाने वालों पर कसा शिकंजा, दो इंस्टाग्राम संचालकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज

दिल्ली। त्योहारों के दौरान रेलवे और ट्रेनों से संबंधित भ्रामक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित करने वालों के खिलाफ उत्तर रेलवे ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। रेलवे प्रशासन ने 04 नवंबर 2026 को फर्जी वीडियो प्रसारित करने के आरोप में दो इंस्टाग्राम हैंडल संचालकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है।

उत्तर रेलवे प्रशासन के अनुसार त्योहारों के मौसम में कुछ असामाजिक तत्व पुरानी और असंबंधित घटनाओं के वीडियो को मौजूदा बताकर सोशल मीडिया पर प्रसारित कर रहे हैं। इससे आम यात्रियों के बीच भ्रम और अफरा-तफरी की स्थिति पैदा हो सकती है। रेलवे ने ऐसे मामलों को गंभीरता से लेते हुए स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा और सुगम यात्रा में बाधा डालने वाली भ्रामक गतिविधियों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

रेलवे प्रशासन ने सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं से अपील की है कि किसी भी वीडियो या सूचना की सत्यता की पुष्टि किए बिना उसे साझा या दोबारा प्रसारित न करें। अफवाह और फर्जी सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ कानूनी प्रावधानों के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उत्तर रेलवे ने स्पष्ट संदेश दिया है कि त्योहारों के दौरान यात्रियों में डर और भ्रम फैलाने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।