बसपा ने खेरागढ़ से नीरज रावत को बनाया प्रत्याशी:ब्राह्मण चेहरे पर दांव, 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर रणनीति में बदलाव

पत्रकार सुमित गर्ग,

खेरागढ़। वर्ष 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर बहुजन समाज पार्टी ने आगरा की खेरागढ़ विधानसभा सीट से नीरज रावत को अपना प्रत्याशी घोषित किया है। बुधवार को कस्बे के राजमहल गार्डन में आयोजित जनसभा में पार्टी पदाधिकारियों ने उनके नाम की घोषणा की। पार्टी ने इस बार ओबीसी प्रत्याशी के बजाय ब्राह्मण चेहरे पर दांव लगाया है।

कार्यक्रम में मुख्य मंडल प्रभारी प्रताप सिंह बघेल, विक्रम सिंह, विमल वर्मा, हेमेंद्र कुमार और जिलाध्यक्ष मनीष कमल की मौजूदगी में नीरज रावत को खेरागढ़ विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी घोषित किया गया। जनसभा में बसपा के परंपरागत समर्थकों के साथ सवर्ण समाज के लोगों की भी मौजूदगी रही।

पिछले विधानसभा चुनाव में बसपा ने ओबीसी प्रत्याशी के रूप में गंगाधर कुशवाह को मैदान में उतारा था। वह चुनाव में तीसरे स्थान पर रहे थे। इस बार पार्टी ने अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए नीरज रावत को प्रत्याशी बनाया है।

खेरागढ़ विधानसभा सीट पर बसपा का पुराना प्रभाव रहा है। पार्टी वर्ष 2007 और 2012 के विधानसभा चुनाव में यहां जीत दर्ज कर चुकी है। दोनों चुनावों में भगवान सिंह कुशवाह बसपा के टिकट पर विधायक बने थे। वर्ष 2017 में भी बसपा ने भगवान सिंह कुशवाह पर भरोसा जताया, लेकिन वह भाजपा प्रत्याशी महेश गोयल के सामने चुनाव हार गए। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले भगवान सिंह कुशवाह भाजपा में शामिल हो गए और भाजपा ने उन्हें प्रत्याशी बनाया। उन्होंने चुनाव में जीत दर्ज की।

2022 में भगवान सिंह कुशवाह के सामने बसपा ने गंगाधर कुशवाह को प्रत्याशी बनाया था। इस बार पार्टी ने ओबीसी के बजाय ब्राह्मण प्रत्याशी को मैदान में उतारा है। पार्टी की रणनीति दलित, ब्राह्मण और मुस्लिम मतदाताओं के साथ अन्य सामाजिक वर्गों को जोड़ने की दिशा में मानी जा रही है। हालांकि चुनाव में इसका वास्तविक प्रभाव परिणाम आने के बाद ही स्पष्ट होगा।

खेरागढ़ सीट पर 2027 के चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। विभिन्न दलों की ओर से संभावित प्रत्याशियों के नामों की चर्चाओं के बीच बसपा की ओर से नीरज रावत की घोषणा के बाद मुकाबले को लेकर तस्वीर और स्पष्ट हुई है।