अजमेर मंडल आरपीएफ की बड़ी उपलब्धि, 111 बच्चों का रेस्क्यू और 1.17 करोड़ रुपये का सामान लौटाया

अजमेर। यात्रियों की सुरक्षा, सहायता और रेल अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए उत्तर पश्चिम रेलवे के अजमेर मंडल में रेल सुरक्षा बल द्वारा विभिन्न अभियानों के माध्यम से उल्लेखनीय कार्य किया गया है। वर्ष 2026 में अब तक ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते, ऑपरेशन मेरी सहेली, ऑपरेशन जीवन रक्षा, ऑपरेशन अमानत, ऑपरेशन उपलब्ध, ऑपरेशन यात्री सुरक्षा, ऑपरेशन नारकोस और ऑपरेशन सतर्क के तहत यात्रियों को राहत और सुरक्षा प्रदान की गई।

111 बच्चों को सुरक्षित किया

ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते के तहत अजमेर मंडल की आरपीएफ पोस्टों ने वर्ष 2026 में अब तक 111 बच्चों का रेस्क्यू किया। इन बच्चों को सरकार द्वारा अधिकृत गैर सरकारी संगठनों, बाल कल्याण समिति और उनके परिजनों को सुरक्षित रूप से सुपुर्द किया गया। रेस्क्यू किए गए अधिकांश बच्चे उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ के रहने वाले थे।

1.20 लाख से अधिक महिला यात्रियों की मदद

महिला यात्रियों की सुरक्षा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए चलाए गए ऑपरेशन मेरी सहेली के तहत अब तक 1,20,635 महिला यात्रियों की समस्याओं का समाधान किया गया। वहीं ऑपरेशन जीवन रक्षा के तहत अजमेर रेलवे स्टेशन पर चार और आबूरोड रेलवे स्टेशन पर एक यात्री को चलती ट्रेन में चढ़ते समय गिरने से बचाकर उनकी जान बचाई गई।

1.17 करोड़ रुपये से अधिक का छूटा सामान लौटाया

ऑपरेशन अमानत के तहत यात्रियों का ट्रेन या स्टेशन पर छूटा सामान सुरक्षित वापस लौटाया गया। अभियान के दौरान 390 यात्रियों को उनका सामान वापस दिलाया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 1 करोड़ 17 लाख 13 हजार 634 रुपये है।

वहीं ऑपरेशन उपलब्ध के तहत अवैध टिकट दलाली के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 24 मामले दर्ज कर 28 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। सभी के खिलाफ रेल अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की गई।

नशीले पदार्थ और अवैध शराब के खिलाफ भी कार्रवाई

ऑपरेशन यात्री सुरक्षा के तहत यात्री ट्रेनों और रेलवे परिसरों में यात्रियों की सुरक्षा से जुड़े 66 मामलों में 68 आरोपियों को पकड़ा गया और उन्हें अग्रिम कानूनी कार्रवाई के लिए आरपीएफ/जीआरपी को सौंपा गया।

ऑपरेशन नारकोस के तहत मादक पदार्थों के अवैध परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 11 मामलों में नौ आरोपियों को पकड़ा गया। इनके कब्जे से कुल 79.048 किलोग्राम मादक पदार्थ, जिसकी अनुमानित कीमत 29 लाख 69 हजार 685 रुपये बताई गई, बरामद किया गया।

इसी प्रकार ऑपरेशन सतर्क के तहत रेल मार्ग से अवैध शराब के परिवहन के खिलाफ 96 मामलों में 60 आरोपियों को पकड़ा गया। कार्रवाई के दौरान करीब 27 लाख 84 हजार 355 रुपये मूल्य की अवैध शराब बरामद की गई।

सुरक्षित रेल यात्रा के लिए लगातार प्रयास

अजमेर मंडल की आरपीएफ की इन उपलब्धियों पर मंडल रेल प्रबंधक राजू भूतड़ा ने कहा कि वर्ष 2026 में रेलवे सुरक्षा बल ने यात्रियों की सुरक्षा, गुमशुदा बच्चों के रेस्क्यू और रेल परिसरों में अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य किया है। उन्होंने कहा कि आरपीएफ टीम की तत्परता और प्रतिबद्धता के कारण यात्रियों को सुरक्षित एवं भरोसेमंद रेल यात्रा का वातावरण मिल रहा है।

उन्होंने कहा कि अजमेर मंडल अपने सभी यात्रियों को सुरक्षित, सहज और आरामदायक यात्रा अनुभव प्रदान करने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।