प्रशासनिक उपेक्षा की मार झेल रहा ग्राम पंचायत दिवड़ा बड़ा : नालियाँ चोक, सड़कों पर फैला बदबूदार पानी, स्कूली बच्चे गंदे पानी से होकर जाने को मजबूर; बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ा

संवाददाता - संतोष व्यास

डूंगरपुर। पंचायत प्रशासन की अकर्मण्यता और जनप्रतिनिधियों की अनदेखी का खामियाजा आज आम जनता को भुगतना पड़ रहा है। जिले के ब्लॉक गलियाकोट की ग्राम पंचायत दिवड़ा बड़ा में साफ़-सफ़ाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। गाँव की नालियों की लंबे समय से सफ़ाई न होने के कारण वे पूरी तरह चोक हो चुकी हैं, जिससे नालियों का बदबूदार और दूषित पानी ओवरफ्लो होकर मुख्य सड़कों पर जमा हो रहा है।

- स्कूली बच्चों और राहगीरों के लिए बनी आफ़त

सड़क पर हो रहे जलभराव और कीचड़ के कारण सबसे ज्यादा परेशानी स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे नौनिहालों को उठानी पड़ रही है। बच्चे रोज़ाना इसी गंदे पानी से होकर स्कूल जाने को मजबूर हैं, जिससे न केवल उनकी ड्रेस और जूते गंदे हो रहे हैं, बल्कि फिसलकर चोटिल होने का जोखिम भी लगातार बना हुआ है। इसके अलावा, राहगीरों और वाहन चालकों के लिए भी इस मार्ग से निकलना दूभर हो गया है।

- बीमारी और महामारी का सता रहा डर

स्थानीय निवासियों का कहना है कि सड़कों पर जमा गंदे पानी से लगातार तीव्र दुर्गंध उठ रही है। पानी के ठहराव के कारण मच्छरों का प्रकोप अत्यधिक बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया जैसी संक्रामक बीमारियाँ फैलने की भयंकर आशंका बनी हुई है। ग्रामीण अपने और अपने बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर काफी चिंतित हैं।

- केवल आश्वासन, धरातल पर कोई काम नहीं

समाजसेवी संतोष पाटीदार व अन्य ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने कई बार इस समस्या से ग्राम पंचायत प्रशासन और प्रतिनिधियों को अवगत कराया। लेकिन हर बार उन्हें केवल खोखले आश्वासन ही नसीब हुए हैं। जमीनी स्तर पर स्थिति जस की तस बनी हुई है और जिम्मेदार अधिकारी आँखें मूँदे बैठे हैं। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द नालियों की सफ़ाई करवाकर जलभराव की समस्या से निजात नहीं दिलाई गई, तो वे उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।