जम्मू मंडल में ईमानदारी और सतर्कता की मिसाल, यात्री का चोरी हुआ मोबाइल लौटाया गया

जम्मू.उत्तर रेलवे के जम्मू मंडल ने एक बार फिर जिम्मेदारी, सतर्कता और यात्रियों की सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का परिचय दिया है। ट्रेन संख्या 14036 में टिकट जांच के दौरान चेकिंग स्टाफ की सूझबूझ से एक यात्री का बहुमूल्य मोबाइल फोन चोरी होने से बच गया, वहीं बिना टिकट यात्रा कर रहे एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़कर आगे की कार्रवाई के लिए जीआरपी के हवाले कर दिया गया।

जानकारी के अनुसार, 14 जून को पठानकोट के चेकिंग स्टाफ विशाल कुमार अपनी नियमित ड्यूटी के तहत ट्रेन के S3 कोच में टिकट चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें एक व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में बैठा दिखाई दिया। जब उससे यात्रा टिकट या कोई वैध यात्रा दस्तावेज मांगा गया तो वह कुछ भी प्रस्तुत नहीं कर सका। उसके पास केवल एक मोबाइल फोन मिला।

चेकिंग स्टाफ को उसकी गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद उससे गहन पूछताछ की गई। पूछताछ में पता चला कि उसके पास मिला मोबाइल फोन ट्रेन के S2 कोच की सीट संख्या 40 पर यात्रा कर रहे एक अन्य यात्री का है। आशंका जताई गई कि उक्त व्यक्ति ने यात्री का मोबाइल चोरी कर लिया था।

मामले की गंभीरता को देखते हुए रेलवे स्टाफ ने तुरंत ट्रेन में तैनात जीआरपी को सूचना दी। पुलिस की मौजूदगी में मोबाइल की पहचान कर उसे उसके वास्तविक मालिक को सुरक्षित वापस सौंप दिया गया। अपना मोबाइल वापस मिलने पर यात्री भावुक हो गया और रेलवे प्रशासन, चेकिंग स्टाफ तथा सुरक्षा कर्मियों का आभार व्यक्त किया।

इसके बाद अनाधिकृत रूप से यात्रा कर रहे आरोपी को ट्रेन के संगरूर रेलवे स्टेशन पहुंचने पर आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जीआरपी को सौंप दिया गया।

इस घटना पर जम्मू मंडल के वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उचित सिंघल ने कहा कि जम्मू मंडल यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा और उनके सामान की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि यात्रा के दौरान अपने सामान का विशेष ध्यान रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत रेलवे स्टाफ, आरपीएफ या जीआरपी को दें।

यह घटना रेलवे कर्मचारियों की ईमानदारी, सतर्कता और यात्रियों की सेवा के प्रति समर्पण का एक बेहतरीन उदाहरण बनकर सामने आई है।