जम्मू मंडल को व्यावसायिक विकास में बड़ी सफलता, अंबाला से अनंतनाग के लिए रवाना हुआ वर्मीकम्पोस्ट का पहला वैगन

जम्मू मंडल को व्यावसायिक विकास में बड़ी सफलता, अंबाला से अनंतनाग के लिए रवाना हुआ वर्मीकम्पोस्ट का पहला वैगन

60 टन उर्वरक की खेप से कश्मीर में कृषि उत्पादों की आपूर्ति को मिलेगी मजबूती

जम्मू। उत्तर रेलवे के जम्मू मंडल ने माल ढुलाई और व्यावसायिक विकास के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उचित सिंघल के मार्गदर्शन में क्षेत्रीय व्यापार विकास इकाई द्वारा किए गए प्रयासों के परिणामस्वरूप अंबाला से अनंतनाग (कश्मीर) के लिए वर्मीकम्पोस्ट उर्वरक का पहला वैगन सफलतापूर्वक रवाना किया गया है।

जम्मू मंडल और क्षेत्रीय व्यापार विकास इकाई के बीच मेसर्स सीकरी फार्म्स के साथ लगातार संवाद और रणनीतिक सहयोग के चलते यह सफलता मिली है। इसी क्रम में 18 अप्रैल को अंबाला से भेजी गई उर्वरक की पहली खेप के अनंतनाग पहुंचने की आधिकारिक घोषणा की गई। यह खेप ?पीसमील ट्रैफिक? के माध्यम से भेजी गई है, जो छोटे व्यापारियों और विशिष्ट उत्पादों के लिए रेलवे द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाजनक माल परिवहन व्यवस्था का प्रतीक है।

रेलवे द्वारा भेजी गई इस पहली खेप में उच्च गुणवत्ता वाले वर्मीकम्पोस्ट उर्वरक के कुल 1,200 बैग शामिल हैं। पूरी खेप का कुल वजन लगभग 60 टन बताया गया है। यह माल अंबाला से रवाना होकर सफलतापूर्वक अनंतनाग पहुंचेगा।

मेसर्स सीकरी फार्म्स ने रेलवे की त्वरित और कुशल सेवा पर संतोष व्यक्त करते हुए भविष्य में भी इसी मार्ग से माल ढुलाई को जारी रखने तथा अपने व्यापार का विस्तार रेलवे के माध्यम से करने की प्रतिबद्धता जताई है।

इस संबंध में वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक उचित सिंघल ने कहा कि यह सफल परिचालन न केवल व्यापारिक संबंधों को मजबूत करेगा, बल्कि कश्मीर घाटी में कृषि उत्पादों की उपलब्धता को सुगम बनाने में भी रेलवे की महत्वपूर्ण भूमिका को दर्शाता है। उन्होंने इसे भविष्य में सतत व्यावसायिक विकास की दिशा में एक अहम मील का पत्थर बताया।

राघवेंद्र सिंह, जनसंपर्क निरीक्षक, जम्मू मंडल