बिल्सी के पूर्व नगर पालिकाध्यक्ष अनुज वार्ष्णेय ने साफ कहा-भाजपा ने टिकट नहीं दिया तो भी उतरेंगे मैदान में

जनता ने जितवाया था निकाय चुनाव, अब विधानसभा की तैयारी, हर हाल में लड़ेंगे चुनावः अनुज वार्ष्णेय

बिल्सी के पूर्व नगर पालिकाध्यक्ष अनुज वार्ष्णेय ने साफ कहा-भाजपा ने टिकट नहीं दिया तो भी उतरेंगे मैदान में

बदायूं। भले ही विधानसभा चुनाव 2027 में अभी समय हो लेकिन चुनाव लड़ने के इच्छुक लोगों ने अपना मन बना लिया है और इसके लिए तैयारियां भी शुरू हो गई हैं। साल 2017 से 2022 तक बिल्सी नगर पालिकाध्यक्ष पद पर काबिज रहने वाले अनुज वार्ष्णेय भी साल 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में ताल ठोकेंगे। उनका साफ कहना है कि भाजपा उन्हें टिकट नहीं भी देती है तो भी वह चुनाव लड़कर जनता की सेवा करेंगे।

बिल्सी के पालिकाध्यक्ष की सूची में सबसे युवा पालिका अध्यक्ष के रूप में अपना नाम दर्ज किया

बदायूं जिले के युवा नगरपालिकाध्यक्षों में अनुज वार्ष्णेय का नाम अब यहां की राजनीति में परिचय का मोहताज नहीं है। राजनीति के शुरुआती दौर में कभी बिल्सी से विधायक रहे आरके शर्मा का चुनाव लड़ाने वाले अनुज को भाजपा ने साल 2017 में पालिका का टिकट दिया तो अनुज ने भी पार्टी को निराश नहीं किया। उन्होंने यह चुनाव जीता और उसके बाद बिल्सी में कई जनहित के काम कराए।

अनुज वार्ष्णेय ने चेयरमैन के पद पर रहते हुए कई महत्वपूर्ण फैसले लिए

अनुज, वार्ष्णेय ने चेयरमैन पद पर रहते हुए बिल्सी का अटल चौक हो या फिर सम्राट अशोक चौक, इन चौराहों का चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण उनके कार्यकाल में हुआ। रोडवेज बस स्टैंड के लिए उन्होंनें काफी प्रयास किए थे और उनके समय में ही यह बोर्ड से पास हुआ। कूड़ा निस्तारण की समस्या के निदान को डंपिंग ग्राउंड बनाने के लिए आठ बीघा जमीन समेत श्मशान भूमि के लिए करीब 80 लाख रुपये शासन से अवमुक्त कराने का काम उन्होंने किया। जनहित में इसके अलावा भी कई काम उनके कार्यकाल में हुए, जिसके लिए पूरे क्षेत्र की जनता उनके साथ है। जनता के सहयोग से ही यह सब संभव हो सका।

बिना किसी विरोध के बढ़ाया टैक्स, पालिका की बढ़ी आमदनी

बदायूं। अनुज वार्ष्णेय के अनुसार, उनके कार्यकाल में पालिका का टैक्स 150 प्रतिशत तक बढ़ाया गया और यह काम बगैर किसी जनविरोध के किया गया। इससे पालिका की आय में भी बढ़ोत्तरी हुई। इससे साबित होता है कि जनता ने उन्हें हमेशा प्यार दिया और यही वजह है कि वह विधानसभा चुनाव लड़कर जनता की सेवा के क्रम को और आगे ले जाना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि वह साल 2027 में आने वाला चुनाव हर हाल में लड़ेंगे चाहें उन्हें वह निर्दलीय ही क्यों न लड़ना पड़े।