पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे में गांधी जयंती पर स्वच्छता अभियान को मिला नया संकल्प

गुवाहाटी। पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने ?स्वच्छता में सहभाग, स्वच्छ भारत, विकसित भारत? थीम के तहत चल रहे स्वच्छता ही सेवा-2026 अभियान के अंतर्गत गांधी जयंती एवं स्वच्छ भारत दिवस समारोह का आयोजन किया। मालीगांव स्थित महाप्रबंधक कार्यालय परिसर में पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के महाप्रबंधक चेतन कुमार श्रीवास्तव ने वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की और महात्मा गांधी के चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किए।

इस अवसर पर महाप्रबंधक ने स्वच्छता के प्रति महात्मा गांधी के संदेश को याद करते हुए स्वच्छ, स्वस्थ और टिकाऊ पर्यावरण के निर्माण में सामूहिक भागीदारी की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने रेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और कर्मचारियों की सुविधाओं को बेहतर बनाने से जुड़ी कई पहलों की भी शुरुआत की।

पांडु स्थित विशेषीकृत प्रशिक्षण केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रशिक्षण सुविधा का उद्घाटन किया गया। इसके साथ ही पौधारोपण कार्यक्रम के साथ गौशाला मॉडल स्टाफ कॉलोनी का भी उद्घाटन किया गया। इन पहलों से प्रशिक्षण सुविधाओं को मजबूत करने, कर्मचारियों की सुविधा बढ़ाने और सतत विकास को बढ़ावा देने की दिशा में रेलवे के प्रयासों को गति मिलेगी।

पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के निर्माण संगठन की ओर से भी गांधी जयंती समारोह आयोजित किया गया। निर्माण संगठन के महाप्रबंधक आशीष बंसल ने दीप प्रज्वलित कर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी। विभिन्न कार्यालयों और परियोजना स्थलों पर पौधारोपण एवं स्वच्छता गतिविधियां आयोजित की गईं। इस दौरान रेलवे परिसरों को स्वच्छ रखने में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले सफाई मित्रों को प्रमाण पत्र और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

स्वच्छता ही सेवा-2026 के तहत पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के स्टेशनों, रेल पटरियों, रेलवे कॉलोनियों और कार्यालय परिसरों में व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। यात्रियों और स्थानीय लोगों को जागरूक करने के साथ रेल कर्मचारियों के लिए संवादात्मक सत्र एवं कार्यशालाएं भी आयोजित की जा रही हैं। साथ ही कचरे को चिन्हित कर अलग करने और उसके उचित निपटान पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।

पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे ने कहा कि स्वच्छता सभी की साझा जिम्मेदारी है। मुख्यालय, पांचों मंडलों और निर्माण संगठन के सामूहिक प्रयासों से स्वच्छ, हरित और पर्यावरण अनुकूल रेल वातावरण तैयार करने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है।