मां वैष्णो देवी के दरबार में आस्था का नया कीर्तिमान, 10 महीने में 83.20 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन; दिसंबर तक एक करोड़ का आंकड़ा पार होने की उम्मीद

मां वैष्णो देवी के दरबार में आस्था का नया कीर्तिमान, 10 महीने में 83.20 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन; दिसंबर तक एक करोड़ का आंकड़ा पार होने की उम्मीद

प्रतिकूल मौसम और चुनौतियों के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह बरकरार, अक्टूबर में 9.82 लाख भक्तों ने मां के दरबार में लगाई हाजिरी

कटड़ा। मां वैष्णो देवी के प्रति देश-विदेश के श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का सिलसिला लगातार नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। वर्ष 2026 में यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। यही वजह है कि इस वर्ष 31 अक्टूबर तक कुल 83,20,256 श्रद्धालु मां वैष्णो देवी के दरबार में हाजिरी लगाकर दिव्य दर्शन कर चुके हैं। यात्रा के बढ़ते आंकड़े इस बात का प्रमाण हैं कि मौसम की चुनौतियां और परिस्थितियां भी श्रद्धालुओं की आस्था को डिगा नहीं पा रही हैं।

अक्टूबर माह में ही 9,82,496 श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन किए। वहीं वर्ष 2025 में अक्टूबर तक कुल 59,90,553 श्रद्धालु यात्रा पर पहुंचे थे। इस लिहाज से वर्तमान वर्ष में पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 23,29,703 अधिक श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में हाजिरी लगाई है। यह यात्रा के प्रति बढ़ते आकर्षण और श्रद्धालुओं के उत्साह को दर्शाता है।

अक्टूबर में भी उमड़ा श्रद्धा का सैलाब

अक्टूबर 2026 में 9,82,496 श्रद्धालुओं का कटड़ा पहुंचना यात्रा के लिए बड़ी उपलब्धि है। इससे पहले अक्टूबर 2011 में 9,17,881, अक्टूबर 2012 में 9,92,188 और अक्टूबर 2013 में 9,85,432 श्रद्धालुओं ने यात्रा की थी। वहीं वर्ष 2023 में अक्टूबर के दौरान 9,15,703 श्रद्धालु मां के भवन पहुंचे थे। इस वर्ष भी अक्टूबर में श्रद्धालुओं की संख्या ऐतिहासिक स्तर के करीब पहुंच गई है।

एक करोड़ के आंकड़े पर टिकी निगाहें

मां वैष्णो देवी की वार्षिक यात्रा वर्ष 2011 में पहली बार एक करोड़ के पार पहुंची थी। उस वर्ष 1,01,15,647 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए थे, जबकि वर्ष 2012 में यह आंकड़ा 1,04,95,269 तक पहुंच गया था। अब वर्ष 2026 में भी यात्रा के आंकड़े तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। नवंबर और दिसंबर के दो महीने शेष हैं। ऐसे में यदि श्रद्धालुओं का उत्साह इसी तरह बना रहा तो इस वर्ष भी यात्रा एक करोड़ का आंकड़ा पार कर नया इतिहास रच सकती है।

त्योहारों के बीच भी श्रद्धालुओं की आवाजाही जारी

दीपावली सहित त्योहारों के दौरान सामान्य तौर पर यात्रा में कुछ गिरावट देखने को मिलती है, लेकिन इस बार भी प्रतिदिन लगभग 15 से 20 हजार श्रद्धालु कटड़ा पहुंच रहे हैं। अब भैया दूज के बाद यात्रा में और तेजी आने की उम्मीद है। इससे आधार शिविर कटड़ा के बाजारों, यात्रा मार्ग और भवन क्षेत्र में श्रद्धालुओं की चहल-पहल बढ़ने की संभावना है।

पिछले वर्ष की चुनौतियों के बाद लौटी यात्रा में रौनक

वर्ष 2025 में अगस्त माह के दौरान भारी बारिश और भूस्खलन के कारण यात्रा प्रभावित हुई थी। सुरक्षा कारणों से करीब 20 दिनों तक यात्रा स्थगित रखनी पड़ी थी। इसके बावजूद श्रद्धालुओं की अटूट आस्था बनी रही और वर्ष 2026 में यात्रा ने फिर तेज रफ्तार पकड़ ली है।

2026 में माहवार यात्रा के आंकड़े

जनवरी में 6,96,914, फरवरी में 4,45,178, मार्च में 9,36,046, अप्रैल में 9,14,341, मई में 10,92,776, जून में 13,13,803, जुलाई में 6,68,911, अगस्त में 6,25,550, सितंबर में 6,44,242 और अक्टूबर में 9,82,496 श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन किए। इस प्रकार 31 अक्टूबर तक कुल 83,20,256 श्रद्धालु मां के दरबार पहुंच चुके हैं।

श्रद्धालुओं की लगातार बढ़ती संख्या से कटड़ा के व्यापारियों, स्थानीय कारोबारियों और पर्यटन से जुड़े लोगों में भी उत्साह है। अब सभी की निगाहें नवंबर और दिसंबर की यात्रा पर टिकी हैं। मां के भक्तों की यही अटूट श्रद्धा वर्ष 2026 को यात्रा के इतिहास में एक और यादगार वर्ष बना सकती है।