कंजर डेरे में खाकी का कहर: 2000 लीटर लाहन नाले में बहाया, 198 लीटर कच्ची शराब के साथ भट्टियां तोड़ी

संडावता/छापीहेड़ा। राजगढ़ पुलिस ने नशे के सौदागरों की कमर तोड़ दी है। मंगलवार को छापीहेड़ा के कुख्यात कंजर डेरे में हुई घेराबंदी से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस की आहट पाते ही तीन तस्कर अपनी 198 लीटर तैयार शराब छोड़कर खेतों की तरफ भाग निकले।

*पुलिस ने मौके पर ही किया इंसाफ*

एसपी अमित तोलानी के ऑपरेशन क्लीन का असर अब जमीन पर दिखने लगा है। थाना प्रभारी उमाशंकर मुकाती की टीम ने सिर्फ शराब ही जप्त नहीं की, बल्कि मौके पर ही 2000 लीटर सड़ा हुआ लाहन नष्ट कर दिया, जिससे करीब 10 हजार लीटर शराब बनने वाली थी। हाथ भट्टी की 3 भट्टियां भी जेसीबी से ध्वस्त कर दी गईं।

*कैसे भागे आरोपी?*

पुलिस के मुताबिक, आरोपी राहुल कंजर (80 लीटर), संतोष कंजर (58 लीटर) और नैन सिंह कंजर (60 लीटर) लंबे समय से डेरे की आड़ में अवैध कारोबार चला रहे थे। ग्रामीणों की शिकायत पर एसडीओपी अरविंद राठौर ने टीम बनाई और एक साथ कई थानों की फोर्स ने घेराबंदी की।

तीनों पर आबकारी एक्ट 34(2) में केस दर्ज हो चुका है। पुलिस का कहना है- "ये सिर्फ ट्रेलर है, अवैध शराब का पूरा नेटवर्क खत्म करेंगे।"

*क्यों है ये कार्रवाई खास?*

कंजर डेरा पिछले 5 सालों से पुलिस के लिए चुनौती बना था। 2000 लीटर लाहन का नष्ट होना यानी आने वाले नवरात्रि और त्योहारों से पहले एक बड़ी खेप को बाजार में जाने से रोकना।